सीने पर किया पंजे से वार, पीड़ित के अनुसार देखने में लग रहा था तेंदुआ
वन विभाग की टीम ने की जांच, एक किमी दायरे में की देखे पंजे के निशान
संवाद न्यूज एजेंसी
पुरवा (उन्नाव)। बड़ाखेड़ा गांव में खेत में पंपसेट की रखवाली कर रहे युवक पर देर रात किसी जंगली जानवर ने हमला कर दिया। सीने व पेट में पंजे लगने से वह घायल हो गया। पीड़ित के अनुसार हमलावर जानवर तेंदुआ जैसा था। घायल को सीएचसी में भर्ती कराया गया है। वन विभाग की टीम ने एक किमी. दायरे में जांच की। डीएफओ ने बताया कि कोई ऐसा पद चिह्न नहीं मिला जो तेंदुआ का हो। दो वन कर्मियों को गांव में रोका गया है। शुक्रवार सुबह फिर कॉबिंग की जाएगी।
लखनऊ के थाना गोसाईंगंज के गांव बरकतनगर निवासी राहुल शर्मा (21) लकड़ी कारीगर है। दो महीने से वह पुरवा कोतवाली के बड़ाखेड़ा गांव निवासी बहन राजकिरन के यहां रह रहा है। बुधवार रात र से डेढ़ किमी दूर खेत में पंप सेट की झोपड़ी में सोने गया था। राहुल के अनुसार रात करीब 12 किसी जंगली जानवर के गुर्राने की आवाज आई। झोपड़ी से बाहर निकला तो वह उसपर झपट पड़ा।
इससे उसके सीने और पेट पर पंजे लगे। लाठी कई वार किए तो जानवर भाग गया। जानवर के हमले की सूचना पर बहनोई राजा शर्मा खेत पहुंचे और घायल राहुल को सीएचसी में भर्ती कराया। पीड़ित के मुताबिक जानवर तेंदुआ जैसा लग रहा था। वन दरोगा रेनू सिंह और बलराम सहित चार सदस्यीय टीम मौके पर पहुंची और जांच की। करीब एक किमी. के दायरे में कॉबिंग कर जानवरों के पद चिह्न देखे।
डीएफओ ईशा तिवारी ने बताया कि जांच में टीम को ऐसा कोई निशान नहीं मिला है जिससे तेंदुआ होने की पुष्टि हो। बताया कि युवक के शरीर पर जिस तरह के पंजे के निशान हैं वह किसी बिल्ली या लकड़बग्घा (हाईना) के हो सकते हैं। बताया कि तेंदुआ के पंजे की हल्की सी खरोंच में ही गहरा घाव हो जाता है। डीएफओ ने बताया कि एहतियात के तौर पर दो वन कर्मियों को रात में गांव में रोका गया है।