शहर के हनुमान मंदिर में स्थित भगवान राम, जानकी व लक्ष्मण की मूर्तियों की साफ-सफाई की गई। पुजारियों ने नए वस्त्र पहनाए। जैसे ही मध्यान्ह के 12 बजे वैसे ही मंदिर में मौजूद भक्तों ने घंटे, घड़ियाल बजाने शुरू कर दिए। भजन, कीर्तन के साथ भगवान राम की स्तुति की गई। श्रीराम चन्द्र कृपाल भजु व नीलांबुजम श्यामल कोमलांगम आदि मंत्रों से मर्यादा पुरुषोत्तम का गुणानवाद किया। भगवान श्रीराम के जयकारे से मंदिर परिसर गुंजायमान हो गया। इसके बाद उपस्थित भक्तों ने मूर्ति के सामने मत्था टेका। पुजारी ने श्रीराम भक्तों को पंचामृत के साथ अन्य प्रसाद वितरित किया। घरों में भी भक्तों ने श्रीराम का जन्मोत्सव धूमधाम के साथ मनाया।