सोमवार को अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या एक में मुकदमे की सुनवाई पूरी हुई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अजय कुशवाहा की दलील व साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने कुशेहर को हत्या का दोषी माना, जबकि अन्य को हत्या के आरोप से बरी कर दिया। कुशेहर को हत्या के मामले में आजीवन कारावास और दस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।