उन्नाव शहर के मोहल्ला खजुरियाबाग में किशोर का शव कमरे में रस्सी के फंदे से लटकता मिला। घटना के वक्त घर पर परिजन नहीं थे। पिता ने कई बार बेटे के मोबाइल पर फोन मिलाया। बाद में चचेरे भाई को फोन कर पता करने को कहा। चचेरे भाई के पहुंचने पर घटना की जानकारी हुई। सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा। शहर के मोहल्ला खजुरियाबाग निवासी चेतन गुप्ता (17) पुत्र सुनील कुमार का शव शुक्रवार की शाम घर के अंदर फांसी के फंदे से लटकता मिला।
किशोर परिवार के साथ लखनऊ के इंद्रानगर में रहता था। वह सिविल लाइंस स्थित सरस्वती विद्या मंदिर में इंटर का छात्र था। 28 फरवरी को फीस जमा करने के लिए आया था। शुक्रवार दोपहर तक उसने परिजनों से फोन पर बात की। शाम को जब पिता ने फोन मिलाया तो मोबाइल स्विच आफ था। पिता के अनुसार उन्होंने कई बार फोन मिलाया, लेकिन बात नहीं हो सकी। फोन न मिलने पर पिता ने चचेरे भाई कमल को मामले की जानकारी दी। कमल छत के रास्ते से घर के अंदर गए तो देखा चेतन का शव कमरे में फांसी के फंदे से लटक रहा है।
घटना की सूचना कमल ने मृतक के माता-पिता को दी। बेटे के मौत की जानकारी पर घर में कोहराम मच गया। माता-पिता व अन्य परिजन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। पिता सुनील ने बताया कि पिछले नवरात्र में मोहल्ले के युवकों ने चेतन को मारा पीटा था।
मामला बढ़ता देख वह बेटे को लेकर लखनऊ के इंद्रानगर में किराए के मकान में रहने लगे थे। सरस्वती विद्या मंदिर सिविल लाइंस में इंटर का छात्र होने से वह फीस जमा करने के लिए आया था। पिता ने बताया कि चेतन के बड़े भाई महेंद्र की नौ साल पहले बुखार आने से मौत हो चुकी है। चेतन ही उनके जीने के सहारा था। कोतवाली प्रभारी आईपी सिंह ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। अभी तहरीर नहीं आई है। तहरीर आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।