फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शराब पिलाकर हड़प ली करोड़ों की जमीन

Wed, 01 Feb 2017 11:33 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
विज्ञापन
जालसाजी का शिकार हुआ गुरू प्रसाद। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विज्ञापन
जमानत के कागजात पर हस्ताक्षर कराने की बात कहकर वृद्ध को तहसील ले गए जालसाज ने शराब पिलाने के बाद उसकी एक्सप्रेस-वे के किनारे स्थित साढ़े तीन बीघा जमीन की रजिस्ट्री पर हस्ताक्षर करा लिया।

इस करोड़ों की जालसाजी का पता तब चला जब खुद को तहसील कर्मी बताने वाला एक युवक एक लाख रुपये की चेक लेकर किसान के घर पहुंचा। चेक लेकर किसान तहसील पहुंचा तो पता चला कि उसकी जमीन की रजिस्ट्री हो चुकी है। यह जानकारी वृद्ध हैरान रह गया और हसनगंज कोतवाली में तहरीर दी है। इंस्पेक्टर प्रदीप श्रीवास्तव ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन


हसनगंज तहसील की ग्राम पंचायत मटरिया के मजरा बरातीखेड़ा निवासी गुरु प्रसाद को 27 जनवरी को गांव के ही रामचंद्र व रजनीश किसी की जमानत के कागजों पर अंगूठा लगवाने की बात कहकर अपने साथ ले गए थे। तहसील पहुंचने से पहले किसी स्थान पर दोनों ने उनको शराब पिलाई। इसके बाद जमानत के कागजात पर अंगूठा लगवाने के बहाने आगरा-एक्सप्रेस-वे के किनारे की उसकी साढ़े तीन बीघा जमीन की रजिस्ट्री के स्टांप पेपर पर हस्ताक्षर करा लिया। शक होेने पर वृद्ध ने जब इतने कागजों पर हस्ताक्षर की बात पूछी तो उसे यह कहकर गुमराह किया कि जमानत में इतने ही कागजों पर हस्ताक्षर होते हैं।

30 जनवरी को वृद्ध के घर पर एक अनजान युवक एक लाख रुपये की चेक लेकर पहुंचा। वृद्ध ने उससे चेक की जानकारी ली तो बताया कि खेती के मुआवजे की चेक है। वृद्ध गुरु प्रसाद ने चेक की बात बेटे मोहन को बताई। शक होने पर पिता-पुत्र हसनगंज तहसील पहुंचे। चेक की जानकारी ली तो तहसील कर्मियों ने उनसे जमीन की गाटा संख्या पूछा। गाटा संख्या को चेक किया गया तो वह जमीन बैजनाथ पुत्र रेवती निवासी हरदोई रोड कनार तहसील व कोतवाली मलिहाबाद जिला लखनऊ के नाम रजिस्ट्री होना पाई गई।

बेशकीमती जमीन किसी दूसरे के नाम होेने की बात सुन वृद्ध सकते में आ गया। पीड़ित कोतवाली पहुंचा और जालसाज के खिलाफ तहरीर दी।

जालसाजी का शिकार हुए गुरु प्रसाद की जमीन ही उसके परिवार का सहारा है। एक्सप्रेस-वे के किनारे जमीन होने से उसको यह विश्वास था कि कभी दिक्कत आने पर उसे बेंचकर काम को पूरा किया जा सकता है। लेकिन जमीन हड़प हो जाने से पूरा परिवार सकते में आ गया। गुरु प्रसाद की पत्नी फूला के अलावा तीन लड़के, बहू व दो पौत्र हैं। मजदूरी कर परिवार का खर्च चलता है।
विज्ञापन


तहसीलदार विजय कुमार मिश्रा ने बताया कि मामला जानकारी में नहीं है। अब तो मुकदमा दर्ज होने के बाद आपत्ति लगेगी और कोर्ट में मुकदमा चलेगा। उसके बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें