उन्नाव। पिछले वित्तीय वर्ष में जिले में खुले धान क्रय केंद्रों को हरदोई के मिलर्स से संबद्ध किए जाने के मामले में जांच के आदेश दिए गए हैं। अपर आयुक्त खाद्य ने जांच के लिए पत्र डीएम को भेजा है। डीएम ने टीम गठित करके जांच कराने की बात कही है।
वित्तीय वर्ष 2022-23 में 1 नवंबर 2022 से धान खरीद शुरू हुई थी। धान खरीद के लिए जिले में कुल 36 केंद्र खोले गए थे। 40 हजार मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य दिया गया था। 28 फरवरी तक 6784 किसानों से 42,550 एमटी धान खरीदा गया था। इधर, शासन तक शिकायत पहुंची कि जिले में मिलर्स होने के बाद भी धान क्रय केंद्रों से हरदोई जनपद की मिलों को संबद्ध किया गया और उनसे सीएमआर (चावल) कराया गया। इससे ठेकेदारों को फायदा पहुंचाया गया और दूसरे जिले के मिलर्स को संबद्ध करने से सरकार को करोड़ों रुपये अतिरिक्त व्यय करना पड़ा।
इस शिकायत पर उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य व खाद्य रसद एवं नागरिक आपूर्ति राज्यमंत्री सतीश चंद्र शर्मा ने जांच के आदेश दिए। इस आदेश के क्रम में अपर आयुक्त खाद्य एवं रसद विभाग अनिल कुमार ने तीन अगस्त को डीएम को पत्र भेजा। कहा कि उपमुख्यमंत्री व खाद्य रसद राज्यमंत्री से आए पत्र में मामले की जांच कराते हुए आख्या शासन को उपलब्ध कराने के आदेश दिए गए हैं।
अपर आयुक्त ने डीएम से मामले की जांच एक सप्ताह में कराकर आख्या संस्तुति सहित उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है। जिससे मामले की रिपोर्ट शासन को प्रेषित की जा सके। डीएम अपूर्वा दुबे ने बताया कि पत्र के आधार पर जांच कराने के लिए एडीएम के नेतृत्व में टीम गठित की जाएगी। टीम की रिपोर्ट मिलने के पर जांच आख्या संस्तुति सहित अपर आयुक्त को भेजी जाएगी।