गंजमुरादाबाद। चार माह से चर्चा में मनी ट्रेडिंग के मामले में संज्ञान लेकर डीएम ने गूगल मीट के जरिए जमाकर्ताओं से बात की और पुलिस अधिकारियों ने अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी ली। उन्होंने आरोपितों पर गैंगस्टर लगाकर उनकी संपत्ति कुर्क करने का भरोसा दिया। मामले में अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। जबकि दो आरोपी पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं।
कस्बे के मोहल्ला तालाब निवासी अयाजुद्दीन, अनवारुद्दीन, काशान व अरबाज आदि ने हरदोई-उन्नाव मार्ग पर अपनी मार्केट में अरबाज इंटरप्राइजेज नाम से एक मनी ट्रेडिंग कंपनी खोली थी। 15 प्रतिशत ब्याज की दर से भुगतान करने का आश्वासन देकर सैकड़ों लोगों का एजेंट के माध्यम से करोड़ों रुपया जमा कराया था। बाद में जब पैसा वापसी का समय आया तो जमा कराने वालों ने कहानियां बनानी शुरू कर दीं। 26 अप्रैल को अनवारुद्दीन ने अपने ही कंधे पर गोली मरवाकर 90 लाख रुपये की नकदी और 10 लाख के जेवर की लूट होने की झूठी कहानी पुलिस को सुनाई थी।
पिछले सप्ताह ही छापे में अवैध हथियार मिलने पर पुलिस ने हल्की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर तीन लोगों को जेल भेजा था। इसके बाद सात पीड़ितों ने ज्यादा ब्याज का झांसा देकर लाखों की रकम हड़पने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने अयाजुद्दीन और उसके बड़े भाई अनवारुद्दीन को भी जेल भेजा था। कुछ पीड़ितों ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत की थी।
डीएम गौरांग राठी ने सिटी मजिस्ट्रेट राजीव राय और सीओ बांगरमऊ अरविंद कुमार चौरसिया की उपस्थिति में ऑनलाइन मीटिंग की। डीएम ने पीड़ितों की समस्या सुनीं और पुलिस की अब तक की कार्रवाई के बारे में सीओ से जानकारी की। आरोपियों पर गैंगस्टर और संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।