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बारिश व तेज हवा ने तोड़ दी सब्जी किसानों की कमर

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बारिश से गिरे केले के पौधे। - फोटो : SULTANPUR
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सुल्तानपुर। तीन दिन से तेज हवा के साथ हो रही बारिश से सब्जी की खेती करने वाले किसानों को बड़ा नुकसान हुआ। कद्दू वर्गीय सब्जियों में लौकी, कद्दू, करेला, तोरई, नेनुआ, खीरा की फसलें पूरी तरह से चौपट हो गई हैं। वहीं, खेतों में अगेती फूलगोभी, पत्तागोभी व टमाटर की रोपी गई फसल भी पूरी तरह से नष्ट हो गई है।
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पानी की अधिकता से सब्जी की फसलों पर खतरा मंडरा रहा है। कूरेभार क्षेत्र के सोनारा गांव निवासी दिलशाद खान ने डेढ़ बीघा खेत में बैंगन की खेती की थी। इसमें 10-12 हजार रुपये खर्च हुआ था। तीन दिन से लगातार बरसात होने की वजह से खेत में पानी भर गया है। दिलशाद का कहना है कि खेत में पानी भरने से फसल नष्ट हो गई है। नेवढ़िया गांव के संतराम ने बताया कि एक बीघा पालक व एक बीघा भिंडी की खेती में करीब 20-25 हजार रुपये की लागत आई थी। बारिश ने सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
इनायतपुर निवासी साकिर ने एक बीघा मूली व दो बीघा में बैगन की फसल उगाई थी। खेत में पानी भरने सारी फसल चौपट हो गई है। इसमें करीब 25 हजार रुपये की लागत व मेहनत पर पानी फिर गया। इशहाकपुर गांव निवासी पप्पू वर्मा, बनमई निवासी राजकुमार, सोनारा निवासी सरबजीत, रामदयाल, नौशाद समेत कई अन्य किसानों की फसलें जलमग्न होने के कारण चौपट हो रही हैं। उद्यान निरीक्षक मो. फाजिल ने बताया कि बारिश से सबसे ज्यादा कद्दूवर्गीय सब्जियों की फसल का नुकसान हुआ है। इसके अलावा जिन सब्जियों वाले खेत में पानी भरा है, वह भी खराब हो जाएंगी। अधिकांश किसानों ने मुनाफा कमाने के चक्कर में अगेती फूलगोभी, पत्तागोभी और टमाटर के पौधों की रोपाई की थी। बारिश के चलते ऐसे किसानों को भी नुकसान उठाना पड़ा।
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केले की फसल को भी नुकसान
कूरेभार क्षेत्र के कई गांवों में किसान बड़े पैमाने पर केले की खेती करते हैं। बारिश से केले की खेती को भी क्षति हुई है। क्षेत्र के महिलौ आशापुर निवासी विवेक वर्मा ने करीब छह बीघे में केले की रोपाई कराई थी। इसमें उनका दो लाख रुपये खर्च भी हुआ था। तीन दिनों से तेज हवा व बारिश के चलते केले की तैयार फसल गिर गई है। इससे विवेक को काफी नुकसान उठाना पड़ा है। उन्होंने बताया कि उद्यान विभाग में आवेदन कर अनुदान पर केले के पौधों का रोपण कराया था। फसल तैयार हो रही थी। इसी बीच हुई भारी बारिश से बड़ा नुकसान हो गया।
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