सुल्तानपुर। भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) की पहल पर जिले के 15 माध्यमिक विद्यालयों में मानक क्लब का गठन किया जाएगा। क्लब में विज्ञान शिक्षक मेंटर व इस वर्ग के न्यूनतम 15 छात्र सदस्य होंगे।
माध्यमिक स्कूलों में असली और नकली उत्पाद को पहचानने के लिए पाठशाला लगेगी। इसके माध्यम से युवाओं को गुणवत्ता और मानकीकरण के क्षेत्र में सीखने का अवसर मिलेगा। माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने डीआईओएस को पत्र भेजकर क्लब गठन की सूचना एक सप्ताह में मांगी है।
मानक क्लब स्कूलों में मेला, प्रदर्शनी व सेमिनार आदि का आयोजन कराएगा। विद्यार्थियों को प्रश्नोत्तरी, निबंध लेखन, वाद-विवाद व सुलेख प्रतियोगिताओं के जरिए जागरूक किया जाएगा। क्लब के अनुरोध पर मोबाइल विज्ञान वैन भी स्कूलों में भेजी जाएगी ताकि छात्र एवं विद्यार्थी गुणवत्ता और मानक के विषय में जागरूक हो सकें। सह जिला विद्यालय निरीक्षक अनिल कुमार वर्मा ने बताया कि निदेशक का पत्र आया है। जल्द ही स्कूलों की सूची भेजी जाएगी।
मानक क्लबों को मिलेगी वित्तीय सहायता
मानक क्लबों को भारतीय मानक ब्यूरो की ओर से गतिविधियों के संचालन के लिए वित्तीय सहायता भी दी जाएगी। प्रत्येक वर्ष तीन गतिविधियों में से प्रत्येक गतिविधि के लिए अधिकतम 10 हजार रुपये दिए जाएंगे। यह रकम जलपान, बैनर, पोस्टर, मंच की तैयारी, परिवहन, स्टेशनरी एवं प्रतियोगिता के पुरस्कार के लिए खर्च की जाएगी। क्लबों द्वारा की गई गतिविधियों की रिपोर्ट सात दिन के अंदर कंज्यूमर इंगेजमेंट पोर्टल पर दर्ज करनी होगी। पूरे वर्ष गतिविधियां संचालित न करने पर भारतीय मानक ब्यूरो किसी भी मानक क्लब की मान्यता रद्द कर सकेगा।