सुल्तानपुर। शादी से इन्कार करने पर युवक की गोली मारकर हत्या करने के मामले में बुधवार को एफटीसी प्रथम के न्यायाधीश अंकुर शर्मा ने आरोपी को दोषी मानते हुए उम्रकैद व 50 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। कोर्ट ने जुर्माने में से 40 हजार रुपये मृतक के परिजनों को देने का आदेश दिया है। एक सह आरोपी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया है। एक किशोर आरोपी के केस की सुनवाई किशोर न्याय बोर्ड में चल रही है।
दोस्तपुर कस्बे के कजियाना मोहल्ले की निवासी शहनाज अपनी बहन जरीना की शादी मोहल्ले के ही मैनुद्दीन से कराना चाहती थी। मैनुद्दीन ने शादी करने से इन्कार कर दिया था। 14 जुलाई 2014 को मैनुद्दीन मस्जिद में नमाज पढ़ने गया था। वहां मैनुद्दीन की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
मृतक के भाई नजमुद्दीन की तहरीर पर दर्ज मुकदमे की विवेचना पूरी कर पुलिस ने आरोपी शहनाज, उसके भाई कमरुद्दीन व नाबालिग बेटे के खिलाफ हत्या व साजिश करने का मुकदमा दर्ज किया था।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से सात गवाह कोर्ट में पेश किए गए। बुधवार को कोर्ट ने आरोपी कमरुद्दीन को दोषी मिलने पर सजा सुनाकर जेल भेजने का आदेश दिया। कोर्ट ने आरोपी शहनाज को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया है। एक किशोर आरोपी के केस की सुनवाई किशोर न्याय बोर्ड में चल रही है।