सुल्तानपुर। असत्य पर सत्य की जीत का पर्व दशहरा बुधवार को जिले में धूमधाम से मनाया जाएगा। शहर के रामलीला मैदान समेत अन्य कई स्थानों पर विजयदशमी पर रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। शहर में 32 फीट, धनपतगंज में 45, इसौली में 51 व कुड़वार में 22 फीट के रावण का पुतला तैयार किया जा रहा है। इस बार इसौली में रावण दहन के दौरान पुतला हंसेगा, गरजेगा और उसकी गर्दन भी चारों ओर घूमेगी।
इसौली रामलीला मैदान में 51 फीट का रावण बनाया जा रहा है। रामलीला कमेटी के अध्यक्ष घनश्याम मिश्र ने बताया कि पिछले करीब तीन-चार साल से 51 फीट का रावण बनाया जा रहा है। पिछले तीन सालों में रावण का पुतला तैयार करने में 10-12 हजार रुपये खर्च हुआ था। इस बार महंगाई बढ़ने के साथ ही पुतला तैयार करने में 15 हजार रुपये खर्च हो रहा है।
इस बार नए अंदाज में रावण का पुतला दहन होगा। रावण दहन के दौरान तरह-तरह की आवाज निकलेगी। पुतला हंसेगा, गरजेगा और अपनी गर्दन भी चारों ओर घुमाएगा। दोस्तपुर ब्लॉक चौराहे पर 1938 में 25 फीट के पक्की ईंट से रावण खड़ा किया गया है। इसी के बगल मेघनाद की प्रतिमा है। प्रत्येक साल रावण व मेघनाद की मरम्मत और रंगाई-पुताई कराई जाती है।
समिति के अध्यक्ष काली प्रसाद जायसवाल ने बताया कि पिछले साल व इस बार 15,000 रुपये खर्च हुआ है। उन्होंने कहा कि रथ, रामलीला मंचन, भरत मिलाप व पुतला दहन में कुल दो लाख रुपये खर्च होंगे। यह पूरा खर्च समिति के चंदे से किया जाता है।
दोस्तपुर कस्बे में पहले से ही 20 फीट का सीमेंटेड रावण बना है। यहां पर 1938 से रावण के पुतले का दहन किया जा रहा है। शहर के रामलीला मैदान में पिछले पांच साल तक 25-26 फीट के रावण का पुतला दशहरे पर ओवरब्रिज के पास दहन किया जाता रहा। इस बार 30-32 फीट का रावण का पुतला बनेगा। वहीं कुड़वार में प्रत्येक वर्ष 20 फीट के रावण का दहन किया जाता था। इस बार रावण का आकार दो फीट बढ़ा दिया गया है। धनपतगंज में 65 से घटकर 45 फीट का रावण बन रहा है। रावण दहन को लेकर पुलिस प्रशासन ने तैयारी पूरी कर ली है।
श्रीराम लीला ट्रस्ट समिति के प्रभारी हरिब्रत मिश्र ने कहा कि पिछले पांच सालों तक 25-26 फीट रावण का पुतला बनवाने में 20 से 22 हजार रुपये खर्च आता था। इस बार रावण का पुतला 30-32 फीट का तैयार हो रहा है। इसमें करीब 35 हजार रुपये खर्च आएगा। प्रशासन ने लखनऊ नाका ओवरब्रिज पर रावण के दहन की अनुमति दी है। बुधवार की शाम राम-रावण युद्ध का मंचन होगा। इसके बाद ओवरब्रिज पर रखे गए रावण के पुतले का दहन किया जाएगा।
जिले में बुधवार को दशहरा पर्व पर अन्याय के प्रतीक रावण का पुतला 179 स्थानों पर जलाया जाएगा। पुलिस व पालिका प्रशासन ने सारी तैयारियां मुकम्मल कर ली हैं। शहर के रामलीला मैदान से श्रीराम, लक्ष्मण व रावण की सेना की झांकी निकाली जाएगी। पूरे शहर में कलाकार जुलूस के साथ भ्रमण करेंगे।
दोस्तपुर में शाम पांच बजे, कुड़वार में शाम पांच बजे और इसौली में शाम छह बजे रावण का पुतला जलाया जाएगा। साथ ही अन्य स्थानों पर राम-रावण युद्ध के साथ पुतला दहन किया जाएगा। ग्रामीण अंचल के कुछ स्थानों पर विजयदशमी के बाद लगने वाले मेले के अवसर पर पुतला दहन किया जाएगा। संवाद