दूबेपुर (सुल्तानपुर)। लखनऊ-वाराणसी फोरलेन के पयागीपुर रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) को पार करने के लिए पैदल राहगीरों को नजदीक के लिए घूमकर नहीं जाना पड़ेगा। इसके लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग विकास प्राधिकरण (एनएचएआई) की ओर से पुल के दोनों तरफ लोहे की सीढ़ी लगाई जा रही है, इससे स्थानीय लोगों को काफी सहूलियत होगी। क्रॉसिंग बंद होने पर लोग आसानी से रेलवे लाइन के ऊपर से आवागमन कर सकेंगे।
आरओबी से वाहनों का आवागमन शुरू होने के लगभग आठ महीने बाद अयोध्या-प्रयागराज रेलमार्ग की 35-बी पयागीपुर रेलवे क्रॉसिंग को स्थायी रूप से बंद करवा दिया गया था। इसका स्थानीय लोगों ने विरोध शुरू किया था। लोग बगल से अंडरपास बनाए जाने की मांग कर रहे थे। लोगों के विरोध पर कार्यदायी संस्था गायत्री प्रोजेक्ट लिमिटेड के जनरल मैनेजर ने बंद की गई रेलवे क्रॉसिंग को दोबारा से खोलवा दिया था।
आसपास के मोहल्लेवासियों की मांग पर तत्कालीन सांसद मेनका गांधी ने पयागीपुर क्रॉसिंग पर अंडरपास बनाने का प्रस्ताव रेलवे मंत्रालय को भेजने का आश्वासन भी नागरिकों को दिया था। रेलवे विभाग के सूत्रों के मुताबिक अंडरपास बनाने का प्रस्ताव ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। फिलहाल, पैदल राहगीरों की सुविधा के लिए पूर्व निर्धारित योजनानुसार आरओबी के दोनों तरफ लोहे की सीढ़ी लगाई जा रही है। कार्यदायी फर्म के जीएम नागार्जुन राव ने बताया कि पैदल राहगीरों व स्थानीय लोगों की सहूलियत के लिए ओवरब्रिज के दोनों ओर लोहे की चार सीढ़ियां लगाने का काम प्रगति पर है। जल्द ही निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद लोग सुरक्षित तरीके से रेलवे लाइन पार कर सकेंगे।