बल्दीराय (सुल्तानपुर)। थाना क्षेत्र बल्दीराय के बीही निदूरा गांव में घर से लापता किशोर की हत्या कर नहर में शव फेंके जाने की घटना का 17वें दिन पुलिस ने खुलासा कर दिया। प्रेमिका ने अपने आशिक से मिलकर किशोर की हत्या करवा दी थी। पुलिस ने घटना में लिप्त किशोरी समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बालिग आरोपी को जेल तो तान नाबालिग आरोपियों को बाल सुधार गृह भेजा गया है।
बल्दीराय थानाक्षेत्र के बीही निदूरा गांव निवासी विजय पाल का पुत्र अमित चौरसिया (14) 26 दिसंबर की शाम घर से साइकिल से बल्दीराय बाजार में डेयरी पर दूध देने गया था। वह घर नहीं लौटा था। अमित का पिता बाहर रहते हैं। मां कुसमा की तहरीर पर गुमशुदगी दर्ज की गई थी।
दूसरे दिन बल्दीराय कस्बे के निकट नहर के किनारे अमित की साइकिल, दूध का बर्तन व एक पैर का चप्पल मिला था। इस घटना के आठवें दिन सधराभारी गांव के नहर पुल के पास अमित का शव पानी में उतराया मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसके मुंह में कपड़ा ठूंसकर और गला दबाकर हत्या किए जाने का खुलासा हुआ था।
इसके बाद अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया था। पुलिस की छानबीन में वारदात का खुलासा हो गया। पुलिस के मुताबिक अमित का एक किशोरी से प्रेम प्रसंग था। इसके पहले उस किशोरी का गांव के ही परशुराम तिवारी उर्फ सुधीर तिवारी से प्रेम प्रसंंग चल रहा था।
परशुराम से अनबन के बाद किशोरी की अमित से नजदीकी बढ़ गई थी। यह बात परशुराम को नागवार लगी। उसने किशोरी पर दबाव बनाया। ऐसे में किशोरी प्रेमिका ने परशुराम से अमित को रास्ते से हटाने के लिए कहा। इसके बाद परशुराम ने अमित की हत्या की साजिश रची। उसने गांव के ही दो किशोर साथियों को साथ मिला लिया और घटना वाले दिन नहर के पास उन्हें बैठा दिया।
वह स्वयं रास्ते में अमित से मिला, उसे समोसा खिलाया और फिर उसकी साइकिल पर बैठकर नहर की ओर से गुजरा। वहां उसके साथी पहले से बैठे थे। वहां उन सभी ने मिलकर अमित को जकड़ लिया। आरोपियों ने उसके मुंह में कपड़ा ठूंसने के बाद गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद शव नहर में फेंक दिया था।
प्रभारी निरीक्षक आरबी सुमन ने बताया कि बृहस्पतिवार को बालिग आरोपी परशुराम को बहुरावां बाजार मोड़ के पास से व अन्य को बीही निदूरा गांव से गिरफ्तार किया गया। सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया। वहां से मुख्य आरोपी परशुराम को जेल तो अन्य को बाल सुधार गृह भेज दिया गया।