धनपतगंज क्षेत्र में गोमती नदी में बढ़ा पानी का स्तर। -संवाद
सुल्तानपुर। छह दिन से लगातार जारी बारिश से गोमती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। 24 घंटे में करीब एक मीटर की बढ़ोतरी होने से नदी का पानी खतरे के निशान से लगभगढ़ाई मीटर ही दूर रह गया है। बाढ़ के पानी ने तराई क्षेत्रों के दर्जनों गांवों को घेर लिया है। सीताकुंड घाट के मंदिर तक पानी पहुंच गया है।
जिले के पश्चिमी क्षेत्र में हो रही लगातार बारिश से गोमती के जलस्तर में उफान शुरू हो गया है। नदी का जलस्तर बढ़ते हुए 82.030 मिलीमीटर पहुंच गया है। बाढ़ मापक अधिकारियों की ओर से बनाया गया 84.735 मिलीमीटर खतरे के निशान से नदी का पानी करीब ढाई मीटर दूर ही रह गया है।
नदी के जलस्तर में वृद्धि से धनपतगंज क्षेत्र के तराई क्षेत्रों जज्जौर, बगीवा, अमऊ, जासरपुर समेत दर्जन भर गांव चपेट में आ गए हैं। गांवाें के चारों तरफ पानी भर गया है और फसलें डूब गई हैं। जलभराव से फसल बर्बाद होने की आशंका बढ़ गई है।
इसके साथ ही रास्ते में पानी भर जाने से आवागमन की समस्या भी खड़ी हो गई है। पशुओं के लिए चारे आदि का संकट बन गया है। मंगलवार शाम से बारिश बंद होने के बाद बुधवार दोपहर बाद फिर बारिश शुरू होने से तराई क्षेत्राें के किसानों की समस्या बढ़ती जा रही है। फिलहाल अभी तक किसी गांव में बाढ़ का पानी नहीं घुसा है। बारिश को देखते हुए अधिकारी सतर्क हो गए हैं। तहसील व आपदा विभाग की ओर से रोज की रिपोर्ट लेखपालों से ली जा रही है।
अभी गोमती नदी खतरे के निशान से नीचे हैं। इस पर लगातार नजर रखी जा रही है। एसडीएम बल्दीराय को तराई क्षेत्रों की स्थिति पर नजर रखने का निर्देश दिया गया है। किसानों को दिक्कत होने पर उन्हें राहत पहुंचाई जाएगी।
-मनोज कुमार पांडेय, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व