सुल्तानपुर। धनपतगंज के पूर्व ब्लाॅक प्रमुख यशभद्र सिंह मोनू ने शुक्रवार को एसीजेएम तृतीय साइमा सिद्दीकी जर्रार आलम की अदालत में सरेंडर कर दिया। कोर्ट ने उन्हें जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया है।
बचाव पक्ष के अधिवक्ता रुद्र प्रताप सिंह मदन के मुताबिक मायंग निवासी अरुण गुप्ता ने आठ मई 2022 को पूर्व ब्लाॅक प्रमुख पर मारपीट व धमकी देने का केस दर्ज कराया था। उनका आरोप है कि जमीन पर निर्माण करने के दौरान पहुंचे आरोपियों ने मारना शुरू कर दिया और सर पर पिस्टल रख कर जान से मारने की धमकी दी थी।
दूसरा मामला भी मायंग गांव का है। जगदीश प्रसाद ने 12 अक्टूबर 2021 को यश भद्र सिंह मोनू व अंशू सिंह के खिलाफ केस दर्ज कराया था। जगदीश का आरोप है कि पूर्व में दर्ज केस में सुलह करने के लिए उन पर दबाव बनाया जा रहा था और गवाही देने के लिए उन्हें बंधक बनाकर अदालत लाया गया था। इन्हीं दोनों मामलों में शुक्रवार को पूर्व ब्लाॅक प्रमुख ने कोर्ट में सरेंडर किया जहां उन्हें जमानत मिल गई।