शाहगंज पुलिस चौकी में स्थित शिवालय। -संवाद
सुल्तानपुर। सावन के पहले सोमवार पर पूजा-अर्चना और शिवालयों में जलाभिषेक की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शहर समेत ग्रामीण अंचलों के 211 शिवालयों में आस्था का सैलाब उमड़ेगा। अनुष्ठानों के लिए देवालयों की साज-सज्जा और साफ-सफाई की व्यवस्था में रविवार को दिनभर लोग व्यस्त रहे। महिलाओं ने पूजन सामग्री की खरीदारी की।
शहर के सीताकुंड स्थित शिवालय के अलावा कल्पवृक्ष (पारिजात), शाहगंज चौराहा स्थित शिवालय, विनोबापुरी, दरियापुर, नवीपुर, पंचरास्ता, करौंदिया, निरालानगर, शास्त्रीनगर व ग्रामीण इलाकों में शिवालयों की सजावट में रविवार को दिनभर शिवभक्त जुटे रहे। जिले के 211 शिवालयों में जलाभिषेक करने के लिए मंदिरों के आसपास पूजन सामग्री की दुकानें सज गई हैं।
कथा व्यास बृजेशाचार्य महाराज ने बताया कि 18 जुलाई से अधिकमास लग रहा है। इसका समापन 31 जुलाई को होगा। इसलिए इस बार सावन में आठ सोमवार पड़ रसे हैं।
भगवान शिव की पूजा से पूरी होती मनोकामना
दूबेपुर क्षेत्र के तिवारीपुर फतेहपुर गांव स्थित शिव मंदिर के पुजारी पंडित रामकिशोर त्रिपाठी बताते हैं कि सावन में सोमवार का बहुत महत्व है। मान्यता है कि सोमवार का दिन भगवान शंकर का होता है। इस दिन भोलेनाथ की पूजा की जाती है। सावन के सोमवार को ज्यादातर लोग व्रत रखकर भगवान शिव की आराधना करते हैं। मंदिरों में जाकर शिवलिंग पर जलाभिषेक करते हैं। इस दिन भगवान शंकर की पूजा करने से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।