पावर कॉर्पोरेशन के अफसरों की संवेदनहीनता से नाराज मृत संविदा कर्मी के परिवारीजन ग्रामीणों के साथ बुधवार को सड़क पर उतर पड़े। ग्रामीणों ने लखनऊ-वाराणसी हाईवे जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंचे प्रशासनिक अफसरों ने परिवार को मदद का भरोसा दिलाया। तब जाकर लोग शांत हुए।
एसडीएम ने पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये किसान दुर्घटना बीमा के तहत देने की घोषणा की और पावर कॉर्पोरेशन ने डेढ़ लाख रुपये का चेक दिया। पुलिस ने मृतक कर्मी की पत्नी की तहरीर पर जेई समेत तीन लोगों पर केस दर्ज किया है।
पीपरपुर थाना क्षेत्र के मरखापुर (देहली मुबारकपुर) निवासी रामदीन यादव (48) पावर कॉर्पोरेशन में संविदा कर्मी था। मंगलवार की सुबह रामदीन ड्यूटी पर सुल्तानपुर आया था। सुबह साढ़े 10 बजे रामदीन अन्य कर्मियों संग महानपुर गांव के पास ट्रांसफार्मर का फॉल्ट ठीक करने गया था। शट डाउन लेने के बाद फॉल्ट ठीक करते समय करंट से उसकी मौत हो गई। मौत को 24 घंटे से ज्यादा होने के बाद भी विभाग के अफसरों ने सुध नहीं ली।
इससे नाराज ग्रामीणों ने बुधवार की शाम करीब पौने चार बजे लखनऊ-वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित महानपुर के पास जाम लगा दिया। एसडीएम लंभुआ दिनेश गुप्ता, एसडीएम सदर रतीभान वर्मा और सीओ लंभुआ मुकेश मिश्रा समेत तीन थानों की पुलिस पहुंच गई। काफी मनाने पर तीन घंटे बाद लोग शांत हुए। एसडीएम सदर रतीभान ने पीड़ित परिवार को मुख्यमंत्री राहत कोष से 10 लाख रुपये दिलाने के लिए संस्तुति करने की भी घोषणा की।
तीन घंटे तक हाईवे जाम होने से कई किलोमीटर दूर तक जाम लग गया। एसओ कोतवाली देहात सुरेश मिश्र ने बताया कि मृतक की पत्नी कमला देवी की तहरीर पर जेई रंजीत यादव, सब स्टेशन ऑफिसर अमर शर्मा और लाइनमैन सुखराम के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।