पति के जिंदा रहने के बावजूद फर्जी अभिलेखों के सहारे धोखाधड़ी कर विधवा पेंशन लेने के मामले में एसीजेएम प्रथम दुर्गेश ने आरोपी महिला, ग्राम प्रधान समेत चार आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है। मामला कोतवाली देहात थाने के नेकराही गांव से जुड़ा है।
गांव निवासी मोबीन अहमद की शादी करीब 30 वर्ष पूर्व साजिदा बेगम के साथ हुई थी। 10 जनवरी 1987 को मोबीन अहमद और साजिदा बेगम का तलाक हो गया था। तलाक होने के करीब 22-23 साल बाद साजिदा बेगम ने ग्राम प्रधान एवं अन्य आरोपियों की मिलीभगत से गुजारा भत्ता दिलाए जाने के लिए कोर्ट में मुकदमा दायर कर दिया था।
इस बीच आरोपी साजिदा बेगम ने नेकराही निवासी मो. मोकीम, नकराही ग्राम प्रधान और बहनोई सईद अहमद निवासी ग्राम शहरी थाना गोसाईगंज के साथ मिलकर फर्जी अभिलेख तैयार कराकर विधवा पेंशन लेना शुरू कर दिया था।
मामले की जानकारी मिलने पर मोबीन अहमद ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए कोर्ट में अर्जी दी थी। एसीजेएम प्रथम दुर्गेश ने आरोपियों साजिदा बेगम, मो. मोकीम, नेकराही ग्राम प्रधान और सईद अहमद के खिलाफ मुकदमा दर्जकर विवेचना करने का आदेश एसओ कोतवाली देहात को दिया है।