सुल्तानपुर। गोवंश आश्रय स्थलों में रखे गए गोवंशों को ठंड से बचाव के लिए काउ कोट पहनाया जाएगा। इसके लिए उप जिलाधिकारियों को जूट के बोरों का प्रबंध करना होगा। जूट के बोरे का काउ कोट बनाकर गोवंशों को ठंड से बचाया जाएगा।
इस बारे में डीएम रवीश गुप्ता ने मंगलवार को विकास भवन में गोआश्रय स्थलों की व्यवस्था की समीक्षा के दौरान निर्देश दिए। समीक्षा में बताया कि गया गोश्रय के पशुओं के भूसा, हरा चारा, दाना व केयर टेकर के भुगतान की व्यवस्था के लिए पंचायतों से अभी तक 10 लाख रुपये जुटाए गए हैं। यह राशि उन्हीं गोश्रय स्थलों पर खर्च की जाएंगी, जहां व्यवस्था नहीं हो पा रही है।
डीएम ने सभी एसडीएम, जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी, डीपीआरओ व खंड विकास अधिकारियों को इसकी जिम्मेदारी सौंपी है। इसके पहले आईजीआरएस की समीक्षा में 1553 शिकायतें विभिन्न विभागों की लंबित पाई हैं। डीएम का जोर डिफॉल्टर श्रेणी की चार शिकायतों के निस्तारण पर रहा। जल जीवन मिशन की समीक्षा में जल निगम का कार्य फिसड्डी मिला है। कृषि विपणन व विदेश व्यापार की बैठक में दो प्रस्तावों पर चर्चा हुई है। बैठक में सीडीओ अंकुर कौशिक समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।