धनपतगंज (सुल्तानपुर)। धनपतगंज ब्लॉक प्रमुख पद पर दो धुर विरोधियों में चल रही वर्चस्व की जंग के बीच मंगलवार को कड़ी सुरक्षा के बीच भाजपा व सपा की समर्थित प्रत्याशियों ने नामांकन किया। जांच में दोनों प्रत्याशियों का नामांकन पत्र वैध करार दिया गया। मतदान व मतगणना 22 अगस्त को होगी।
कोर्ट के फैसले के बाद तत्कालीन ब्लॉक प्रमुख यशभद्र सिंह मोनू के अयोग्य घोषित किए जाने के बाद कराए जा रहे उपचुनाव में भाजपा व सपा के बीच वर्चस्व की जंग चल रही है। इसे देखते हुए पुलिस व प्रशासन सतर्क हो गया है। मंगलवार को ब्लॉक प्रमुख पद के होने वाले नामांकन को लेकर ब्लॉक परिसर के साथ ही आसपास के मार्गों पर पुलिस तैनात रही। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच करीब 11 बजे भाजपा समर्थित प्रत्याशी पार्वती देवी ने पार्टी के नगर पालिका अध्यक्ष प्रवीन अग्रवाल व प्रस्तावकों के साथ नामांकन किया।
दोपहर करीब साढ़े 12 बजे अपने पुत्र व पूर्व विधायक चंद्रभद्र सिंह साेनू और पूर्व ब्लॉक प्रमुख यशभद्र सिंह मोनू के साथ पहुंचीं सपा समर्थित प्रत्याशी ऊषा सिंह ने दो सेटों में अपना नामांकन पत्र भरा। दो धुर राजनीतिक विरोधियों के बीच चल रही वर्चस्व की जंग को देखते हुए ब्लॉक पर तीन लेयर सुरक्षा व्यवस्था रही। धनपतगंज थाने के अलावा कई थानों की पुलिस और पीएसी लगाई गई थी। बाजार में अघोषित कर्फ्यू जैसा माहौल रहा।
देर शाम नामांकन पत्रों की जांच के बाद सहायक निर्वाचन अधिकारी हृदयराम तिवारी ने दोनों प्रत्याशियों का नाम निर्देशन पत्र वैध करार दे दिया। बताया कि बुधवार को नाम निर्देशन पत्र वापस लिए जा सकेंगे। जरूरत पड़ने पर 22 अगस्त को मतदान और उसी दिन मतगणना होगी। शांतिपूर्ण नामांकन प्रक्रिया संपन्न होने के बाद प्रशासन व पुलिस के अधिकारियों ने राहत की सांस ली।
पूर्व ब्लॉक प्रमुख ने प्रशासन पर लगाया धमकाने का आरोप
अपनी मां ऊषा सिंह का नामांकन कराने पहुंचे पूर्व ब्लॉक प्रमुख यशभद्र सिंह मोनू ने जिला प्रशासन पर भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में कार्य करने का आरोप लगाया। कहा कि क्षेत्र पंचायत सदस्यों को भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में करने के लिए डराया-धमकाया जा रहा है और मुकदमे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस व प्रशासन के अधिकारी बीडीसी को उठाने में लगे हैं।