पीएचसी मायंग में मरीज को देखते चिकित्सक। -संवाद
सुल्तानपुर। ग्रामीण क्षेत्रों के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को आयोजित मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले में 1957 मरीजों के परीक्षण का दावा किया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने मेले में आए 729 लोगों की कोविड स्क्रीनिंग की गई। ज्यादातर रोगी वायरल फीवर व डायरिया के पाए गए हैं। इस दौरान सात आयुष्मान गोल्डन कार्ड भी बनाए गए।
जिले के 45 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले का आयोजन किया गया। दोस्तपुर के छीतेपट्टी पीएचसी पर वायरल बुखार के मरीज ज्यादा पहुंचे। पीएचसी पहुंचे मुस्तफाबाद कलां निवासी पंकज वर्मा ने बताया कि उन्हें कई दिनों से बुखार की समस्या है। उसी गांव की अंजुम ने बताया कि उन्हें भी कई दिनों से बुखार आ रहा है। चिकित्सक ने चेक करके दवाएं उपलब्ध कराईं। डॉ. इंद्रजीत वर्मा ने बताया कि मेले में आए ज्यादातर लोग बुखार से पीड़ित रहे। कुछ लोग डायरिया के भी शिकार रहे।
मायंग पीएचसी पर 70 मरीजों का परीक्षण किया गया। डॉ. विवेक ने बताया कि मेले में आए 70 में से ज्यादातर मरीज वायरल फीवर से पीड़ित रहे। मुड़िलाडीह में डॉ. शैलेंद्र ने मरीजों का चेकअप किया। सीएमओ डॉ. ओमप्रकाश चौधरी ने बताया कि 1957 मरीजों का परीक्षण किया गया। 729 लोगों की कोविड स्क्रीनिंग व 14 का आरटीपीसीआर किया गया। सात का आयुष्मान गोल्डन कार्ड भी बनाया गया।
अभी तक मिले डेंगू के पांच मरीज
मलेरिया विभाग ने रविवार को जिले में जनवरी से लेकर अभी तक सिर्फ पांच डेंगू मरीजों के मिलने का दावा किया है। जिला मलेरिया अधिकारी वंशीलाल ने बताया कि प्राथमिक जांच में 38 केस पाए गए हैं। इन केसों को डेंगू नहीं समझा जाना चाहिए।