बैंक की शाखा पर नारेबाजी करती महिलाएं।
विभिन्न स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं ने मंगलवार को इलाहाबाद बैंक की शाखा पर पहुंचकर नारेबाजी की और बैंक में तालाबंदी कर शाखा प्रबंधक का पुतला फूंका। करीब 12 बजे से तालाबंदी शुरू हुई जो दो घंटे तक चली। क्षेत्रीय पुलिस के समझाने पर महिलाओं ने करीब दो बजे ताला खोला। महिलाएं 31 दिसंबर तक सभी समूहों का सीसीएल (कैश क्रेिडट लिमिट करने और समूह के खातों से पैसा न काटने की मांग पर अड़ी थीं। मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे इलाहाबाद बैंक की विंढमगंज शाखा पर भारी संख्या में महिलाएं पहुंच गईं। केवाल, कोलिनडूबा, हरनाकछार, घिबही, छतरपुर, छतवा, धोरपा, धूमा, मेदनीखड़, मुड़ीसेमर, सलैयाडीह आदि गांवों की समूह की महिलाओं ने बैंक के मुख्य द्वार पर ताला बंद कर दिया। साथ ही बैंक मैनेजर का पुतला फूंका। यहां रेशमा देवी ने बताया कि बैंक सीसीएल करने में महिलाओं को परेशान कर रहा है। सुविधा शुल्क मांगने का भी आरोप महिलाओं ने लगाया। गेंदा समूह की फूलमती देवी, हरियाली समूह की ममता देवी ने बताया कि महिलाएं छोटे बच्चों के साथ बैंक में आती हैं लेकिन उनका काम नहीं होता। यहां दलालों के भी सक्रिय होने का आरोप महिलाओं ने लगाया। मौके पर पहुंची थाना पुलिस ने प्रदर्शन कर रही महिलाओं को समझा बुझाकर शांत कराया। फिर बैंक मैनेजर से बात करके महिलाओं को आश्वासन दिया कि सभी समूह की बहनों का सीसीएल 31 दिसंबर तक कर दिया जाएगा। प्रदर्शन में यशोदा देवी, प्रतिमा देवी, इंदू देवी, मंजू देवी आदि रहीं।