सोनभद्र। मेडिकल कॉलेज ने चिकित्सा सुविधाओं में बढ़ोतरी के साथ एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। यहां एक ही दिन घुटने और कूल्हे दोनों के प्रत्यारोपण में सफलता पाई गई है। मेडिकल कॉलेज में पहली बार एक साथ सफलतापूर्वक दो जटिल ऑपरेशन को जिले के चिकित्सा जगत के लिए बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। साथ ही घुटने और कूल्हे के दर्द से जूझ रहे मरीजों के लिए भी इसे बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है। मूलत: जौनपुर जिले की रहने वाली बादाम देवी (60) तीन साल से घुटने के दर्द से जूझ रहीं थीं। पिछले दिनों वह कलेक्ट्रेट में तैनात अपने बेटे के यहां पहुंचीं तो स्थिति को देखते हुए उन्होंने तीन दिन पूर्व मां को मेडिकल कॉलेज में दिखाया। ऑर्थो विभाग में सहायक प्रोफेसर डॉ. अवनीश शाह और उनकी टीम ने जांच में पाया कि घुटना पूरी तरह खराब हो गया है। तत्काल ऑपरेशन का निर्णय लिया गया और बुधवार को डॉ. अवनीश व एनेस्थेटिक डॉ. चंद्रभूषण की टीम ने लिगामेंट डिफिशिएंट नी की जटिल स्थिति होने के बावजूद कांस्टेट नी तकनीक का उपयोग करते हुए सफलतापूर्वक ऑपरेशन पूरा कर लिया। कोन क्षेत्र की सुखवंती (65) तीन महीने पूर्व पांव फिसलने से गिर गईं थीं। इससे उनकी कूल्हे की हड्डी में फ्रैक्चर हो गया था। इससे उनकी घिसटकर चलने वाली स्थिति बनी हुई थी। कई जगह उपचार के बाद भी कोई राहत नहीं मिली तो परिवार के लोग चार दिन पूर्व मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। एक्सरे के बाद पता चला कि कूल्हे की हड्डी का प्रत्यारोपण ही विकल्प रह गया है। मरीज को आयुष्मान कार्ड का लाभ मिला और बगैर किसी खर्च के बुधवार को डॉक्टर-एनेस्थेटिक की टीम ने सफलतापूर्वक ऑपरेशन कर दिया।