अनपरा नगर के वार्ड नंबर 6 के नेहरू चौक से डिग्री कॉलेज जाने वाला रास्ता। संवाद
अनपरा। गांव से नगर बनने के 6 वर्ष बाद भी अब तक नगर की कई सड़कें पक्की नहीं हो पाई है, जिस कारण नगरवासियों को गड्ढेदार व कीचड़ से सनी सड़कों से होकर गुजरना पड़ता है। लोगों के मांग के बावजूद भी अभी तक सड़क निर्माण न होने से लोगों में रोष है। अनपरा गांव से नगर बनने के साथ ही यहां कर व्यवस्था भी लागू हो गई है। लोगों को सुविधा उपलब्ध कराने के एवज में नगर में कर तो वसूला जा रहा है लेकिन अब भी कई वार्डों की सड़कें पक्की नहीं हो पाई हैं, जिससे नगरवासियों को आवागमन में परेशानी हो रही है। लोगों को हिचकोले खाते हुए गुजरना पड़ता है। बारिश के दिनों में पानी भरे गड्ढे और कीचड़ परीक्षा लेते हैं। कई बार लोग फिसलकर घायल भी हो जाते हैं। सबसे ज्यादा परेशानी विद्यालय जाने वाले छात्र-छात्राओं, मंदिर जाने वाली महिलाओं और बुजुर्गों को होती है। सड़क निर्माण के लिए लंबे समय से मांग कर रहे हैं। इसके बावजूद नगर बनने के छह वर्ष बाद भी इन सड़कों को पक्की नहीं किया गया है। नगर के वार्ड संख्या 6 के औड़ीमोड़ नेहरू चौक से डिग्री कॉलेज व बिछड़ी गांव में जाने वाला संपर्क मार्ग, वार्ड नंबर 20 में डीह बाबा से राजपूत एंड संस की गली तक, वार्ड नंबर 19 के रेणुसागर शिव मंदिर गली स्थित खटाल से होते हुए ककरी-कोलगेट चौराहा तक, वार्ड नंबर 14 स्थित कहवानाला के मजदूर बस्ती से हाईवे तक और बिछड़ी गांव की पहाड़ी स्थित हनुमान मंदिर जाने वाली सड़क कच्ची है। ये रास्ते विद्यालय से लेकर मंदिर, मस्जिद और अस्पताल तक जाते हैं। बारिश के दिनों में चलना दूभर हो जाता है।