सोनभद्र। जिला मुख्यालय पर स्थित नगर पालिका सोनभद्र और नगर पंचायत चुर्क को एक करने की कवायद शुरू हुई है। दोनों निकाय को राजनीतिक एवं प्रशासनिक रूप से समन्वय स्थापित करना है। शासन ने इसके लिए पत्र जारी कर दोनों निकायों के बोर्ड से प्रस्ताव पास कराकर प्रस्तुत करने को कहा है। इन निकायों के समायोजित होने से न सिर्फ दायरा बढ़ेगा, बल्कि विकास के नए द्वार भी खुलेंगे। नगर पंचायत पिपरी और रेणुकूट को भी एक करने का शासन की तरफ से सुझाव है।
25 वार्डाें वाली नगर पालिका परिषद सोनभद्र का पिछले वर्ष ही सीमा विस्तार हुआ है। नगर में 17 गांव आंशिक एवं पूर्ण रूप से शामिल किए गए हैं। नगर पालिका का सीमा विस्तार रौंप गांव तक हो गया है। इस तरह से नगर पालिका परिषद और चुर्क नगर पंचायत के बीच महज दो किलोमीटर का फासला रह गया है। अभी दोनों निकाय स्वतंत्र रूप से कार्य कर रहे हैं। भविष्य में दोनों निकाय में बेहतर विकास कार्याें को ध्यान में रखते हुए नगर विकास विभाग लखनऊ की तरफ से दोनों निकायों को पत्र भेजा गया है। पत्र के माध्यम से दोनों निकाय को प्रशासनिक रूप से आपसी समन्वय बनाने के लिए कहा गया है। इसके बाद दोनों निकाय अपनी-अपनी बोर्ड की बैठक करते हुए राजनीतिक एवं प्रशासनिक रूप से समन्वय बनाने पर चर्चा करेंगे। दोनों निकाय के बोर्ड की सहमति के बाद शासन को सूचित किया जाएगा। दोनों निकाय को एक करने के पीछे शासन का मुख्य उद्देश्य विकास कार्याें में तेजी लाना है।
रेणुकूट-पिपरी को भी एक करने का प्रस्ताव
नगर विकास विभाग सोनभद्र नगर पालिका परिषद और चुर्क नगर पंचायत के साथ-साथ नगर पंचायत पिपरी और रेणुकूट के एकीकृत करने के मूड में है। इस नाते शासन ने पिपरी और रेणुकूट प्रशासन को भी आपसी समन्वय स्थापित करने के लिए पत्र प्रेषित किया है। बताया जा रहा है कि पिपरी नगर पंचायत की तरफ से बोर्ड की बैठक करते हुए इस पर सहमति दे दी गई है। सहमति पत्र जिलाधिकारी के माध्यम से शासन में प्रेषित भी कर दिया है। रेणुकूट और पिपरी नगर पंचायत के बीच सिर्फ रेलवे लाइन का फासला है। अगर दोनों निकाय एक होते हैं तो बेहतर विकास कराया जा सकेगा।
शासन की तरफ से नगर पालिका सोनभद्र और चुर्क नगर पंचायत में प्रशासनिक रूप से समन्वय स्थापित करने के लिए सुझाव दिया गया है। आगे राजनीतिक रूप से भी समन्वय बनाने का प्रयास किया जाएगा। दोनों निकाय की सहमति के बाद ही आगे की प्रक्रिया शुरू होगी। - विजय कुमार यादव, ईओ-नगर पालिका परिषद सोनभद्र।
पिछले वर्ष ही नगर पंचायत पिपरी ने बोर्ड की बैठक में आम सहमति बनाते हुए प्रस्ताव भेज दिया है। रेणुकूट नगर पंचायत की तरफ से क्या पहल की गई है, इस संबंध में जानकारी नहीं है। अगर रेणुकूट और पिपरी निकाय प्रशासनिक एवं राजनीतिक रूप से समन्वय स्थापित करके एक हो जाएं तो इससे दोनों निकाय में अच्छा विकास हो सकेगा। - अंशुमान सिंह, ईओ- नगर पंचायत पिपरी।