कोतवाली क्षेत्र के मलदेवा गांव में अंदर से बंद कमरे में वृद्ध सुशील मसीह (70) की जिंदा जलकर मौत हो गई। वह रात में चारपाई पर सोए थे। बुधवार की सुबह चारपाई समेत राख के ढेर में वृद्ध का अधजला शव मिला। वह गांव के बाहर किराए के कमरे में अकेले रहता था। घटना से गांव में हड़कंप मच गया। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि निरंजन जायसवाल ने बताया कि सुशील मसीह गांव से करीब एक किलोमीटर दूर मुख्य सड़क पर स्थित टिनशेड वाले एक मकान को किराये पर लेकर बीते दो महीने से रह रहे थे। वह वहीं रहकर सिलाई का कार्य कर जीवनयापन करते थे। बुधवार सुबह ग्रामीणों ने मकान के अंदर से धुआं निकलते देखा। पास जाकर देखने पर कमरे के अंदर काली राख दिखाई दी। इसकी सूचना तत्काल कोतवाली पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने देखा कि कमरे के भीतर लोहे की फोल्डिंग चारपाई पर सोए अवस्था में बुजुर्ग का शव पड़ा था, जो जलकर राख हो चुका था। घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली पुलिस के एसएसआई कुंवर सिंह, कस्बा चौकी प्रभारी हरिकेश राम आजाद, एसआई श्यामजी सहित पुलिस बल मौके पर पहुंचा। एसएसआई कुंवर सिंह ने बताया कि घटना की सूचना पर पुलिस विधिक कार्रवाई में जुट गई है। फोरेंसिक टीम को बुलाया गया है और सभी आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं। तहरीर मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। वृद्ध के छोटे पुत्र अनित मसीह ने बताया कि पिता सिलाई का कार्य करते थे। पुलिस आग लगने के कारणों की जांच कर रही है।