सोनभद्र। कोरोना वायरस महामारी के बढ़ते हुए प्रकोप को देखते हुए पंचायती राज विभाग ने गांवों में साफ-सफाई कराने पर जोर देना शुरू कर दिया है। इसमें लापरवाही बरतने वाले कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मंगलवार को जिला पंचायत राज अधिकारी धनंजय जायसवाल कार्य में लापरवाही बरतने पर छह सफाई कर्मियों को निलंबित कर दिया। उन्होंने बताया कि बसौली में तैनात सफाईकर्मी घनश्याम, गोरडीहा के अमरनाथ, जमशोकर के अशोक मेहता, अमौली के नंद गोपाल शर्मा, लोहरा के जगजीवन और बहुआर के हरिहर को निलंबित किया गया है। उक्त सभी सफाई कर्मियों को जिला अस्पताल परिसर में साफ-सफाई करने के लिए तैनात किया गया था। लेकिन निरीक्षण के दौरान सभी कर्मी गायब मिले। इस प्रकार से उक्त सफाई कर्मियों को कोविड-19 जैसी वैश्विक महामारी में शासकीय दायित्वों का निर्वहन न करने का दोषी पाया गया। इसके अलावा संचारी रोग नियंत्रण अभियान के अंतर्गत सफाई कार्य में भी कर्मी सम्मिलित नहीं हुए थे। सफाई कर्मियों द्वारा अपने तैनाती वाले गांवों में नियमित साफ- सफाई नहीं करते है। डीपीआरओ ने कहा कि पूर्व में सभी सफाई कर्मियों को नोटिस जारी कर कार्य में सुधार लाने का निर्देश दिया गया था। लेकिन उनके ऊपर कोई प्रभ्राव नहीं पड़ा। इसकी रिपोर्ट मिलने के बाद निलंबित कर दिया गया। चेतावनी देते हुए कहा कि कार्य में लापरवाही बरतने वाले कर्मियों को किसी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।