परिषदीय विद्यालय के शिक्षकों की लापरवाही से बृहस्पतिवार को कक्षा चार का छात्र डेढ़ घंटे तक विद्यालय के कमरे में बंद रहा। छुट्टी के वक्त बारिश से बचने के लिए छात्र विद्यालय के कमरे में ही रुक गया था। शिक्षक बाहर से ताला लगाकर चले गए। काफी खोजबीन के बाद पता चलने पर ताला खोलकर बच्चे को बाहर निकाला गया। मामला घोरावल ब्लाक के सिरसाई गांव का है।
सिरसाई गांव निवासी जागेश्वर आदिवासी का पुत्र सचिन (10) गांव के ही कंपोजिट विद्यालय में कक्षा 4 का छात्र है। वह बृहस्पतिवार को स्कूल गया था। अपराह्न दो बजे विद्यालय की छुट्टी हुई तभी बारिश शुरू हो गई। अन्य बच्चे बारिश में बचते भीगते घर चले गए। सचिन विद्यालय के ही एक कमरे में रुक गया। इसी दौरान उसे नींद लग गई। बारिश बंद होने पर शिक्षक विद्यालय के कमरों में ताला लगाकर घर चले गए।
उधर, काफी देर तक जब सचिन घर नहीं लौटा तो परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की। उसका कहीं पता न चलने पर परिजनों की चिंता बढ़ने लगी। इस बीच कुछ लोगों ने स्कूल परिसर से सचिन के चीखने की आवाज सुनी। वहां पहुंचे तो सचिन कमरे में बंद मिला। ग्रामीणों ने इसकी जानकारी प्रधानाचार्य और खंड शिक्षा अधिकारी को दी। खंड शिक्षा अधिकारी अशोक कुमार सिंह ने प्रधानाचार्य को फोन किया।
इसके बाद शिक्षामित्र ने विद्यालय का कक्ष खोलकर छात्र को बाहर निकाला। इस संबंध में कंपोजिट विद्यालय की प्रधानाचार्य उर्मिला सिंह ने विद्यालय में छात्र के बंद होने की पुष्टि की। इस घटना से अभिभावकों और ग्रामीणों में आक्रोश है।