अनपरा (सोनभद्र)। बारिश से तापमान में गिरावट के कारण लोगों को गर्मी से राहत मिली है। इससे बिजली की मांग में भी करीब साढ़े तीन हजार मेगावाट की कमी दर्ज हुई है। इस दौरान निगम सहित निजी क्षेत्र की इकाइयों से उत्पादन आधा कर दिया गया। उत्तर प्रदेश स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर (यूपीएसएलडीसी) की वेबसाइट के अनुसार बीते शुक्रवार से रविवार तक पीक आवर में बिजली की अधिकतम मांग 32 हजार मेगावाट के पार थी। सोमवार को बिजली की मांग 31490 मेगावाट पर पहुंच गई। इसके बाद से ही लगातार मांग घट रही है। बुधवार को प्रदेश के विभिन्न इलाकों में हुई तेज बारिश के बाद बिजली की मांग में 3476 मेगावाट की गिरावट दर्ज की गई। पीक आवर में बिजली की मांग 27369 मेगावाट पर पहुंच गई। इससे निगम सहित निजी इकाइयों का उत्पादन कम करना पड़ा। इस दौरान उत्पादन निगम की अनपरा तापीय परियोजना से 829 मेगावाट, ओबरा तापीय परियोजना से 1050 मेगावाट और निजी क्षेत्र की एमईआईएल अनपरा एनर्जी लिमिटेड की पहली इकाई से 195 मेगावाट का कम उत्पादन हुआ। मांग कम होने के कारण उत्पादन निगम की 105 मेगावाट की हरदुआगंज और 660 मेगावाट की जवाहरपुर, निजी क्षेत्र की बीईएल की कुल 10 इकाइयों से 450 मेगावाट का उत्पादन बंद करना पड़ा। बृहस्पतिवार की देर शाम बिजली की अधिकतम मांग 19879 मेगावाट रही।