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Sonebhadra News: दो नए आश्रम पद्धति विद्यालय के लिए जमीन की तलाश पूरी

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अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के बच्चों को आवासीय शिक्षा देने के लिए जिले में तीन नए राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय खोलने हैं। इसके लिए काफी समय से जमीन की तलाश चल रही थी। इसमें चोपन ब्लॉक के जुगैल व परसोई में विद्यालय स्थापित करने के लिए जमीन की तलाश पूरी हो चुकी है। म्योरपुर ब्लॉक में जमीन ढूंढी जा रही है। जल्द ही इसे भी अंतिम रूप दिया जाएगा। जमीन चयन के बाद प्रस्ताव तैयार कर प्रेषित किया जा रहा है। माना जा रहा है कि नए आवासीय विद्यालयों का जल्द निर्माण शुरू हो जाएगा।
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समाज कल्याण विभाग से जिले में अभी तक चार राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय संचालित किए जा रहे हैं। सभी विद्यालयों में छात्रों की क्षमता 490 की है। घोरावल ब्लॉक के उभ्भा गांव में एक राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय निर्माणाधीन हैं। अब समाज कल्याण राज्यमंत्री संजीव गोंड की पहल पर जिले के सुदूर इलाके चोपन ब्लॉक के जुगैल एवं परसोई और म्योरपुर ब्लॉक के कुलडोमरी में नए राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय खोले जाने की योजना है। तीनों राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय अनुसूचित जनजाति के छात्र-छात्राओं के लिए स्थापित होगा। दो जनवरी को जनजाति विकास विभाग के निदेशक डॉ. हरिओम ने डीएम चंद्रविजय सिंह को विद्यालयों के लिए जमीन चिह्नित करते हुए निदेशक जनजाति विकास के पक्ष में आवंटित करने और प्रस्ताव बनाकर प्रेषित किए जाने का निर्देश दिया है। निर्देश के क्रम में तीनों आश्रम पद्धति विद्यालय के लिए जमीन के चयन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। विभागीय अधिकारियों के मुताबिक एक राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय बनाने के लिए कम से कम पांच एकड़ समतल भूमि चिह्नित किया जाना है। परसोई और जुगैल में विद्यालय के लिए करीब सात-सात एकड़ जमीन चिह्नित की जा चुकी है। जल्द ही म्योरपुर के कुलडोमरी में भी जमीन चिह्नित करते हुए शासन में रिपोर्ट प्रेषित किया जाएगा।
क्षेत्र के आदिवासी बच्चे होंगे लाभान्वित
जिले के सुदूर इलाकों में राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय खुलने से वहां के आदिवासी जनजाति के बच्चे पढ़ाई कर सकेंगे। सुदूर इलाकों में संचालित परिषदीय विद्यालयों में बच्चे कक्षा पांच व कक्षा आठ तक किसी तरह पढ़ाई कर लेते है। मगर दूरी तथा संसाधनो के अभाव में आगे की शिक्षा नहीं ग्रहण कर पाते हैं। आश्रम पद्धति विद्यालय बनने से क्षेत्र के आदिवासी जनजाति वर्ग के बच्चों को 12वीं तक की पढ़ाई करने में सुविधा होगी।
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चोपन ब्लॉक के परसोई व जुगैल में तथा म्योरपुर के कुलडोमरी में 490 छात्र क्षमता का राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय बनेगा। जुगैल में 2.5300 हेक्टेयर तथा परसोई 2.800 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की जा चुकी है। कुलडोमरी में जमीन चयन की प्रक्रिया चल रही है। वहां भी जल्द ही जमीन का चयन कर लिया जाएगा। -रमाशंकर यादव, जिला समाज कल्याण अधिकारी-सोनभद्र।
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