गिरफ्त में आरोपी लैब अटेंडेंट।
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एंटी करप्शन टीम ने गुरुवार को बाट-माप विभाग के लैब अटेंडेंट को दस हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया। स्टैंप के एक रजिस्टर्ड व्यापारी से वह रिश्वत ले रहा था। आरोपी को गिरफ्तार कर टीम कार्रवाई में जुट गई है।
चंदौली जिले के पीडीडीयू नगर निवासी नंदलाल गुप्ता की मेसर्स न्यू गुप्ता स्टील वर्क्स के नाम से फर्म है। उनके पास बाट-माप के सत्यापन, मरम्मत व नवीनीकरण का लाइसेंस है। सोनभद्र के व्यापारियों की दुकानों के भी बाट माप का सत्यापन व नवीनीकरण करते हैं।
नन्दलाल के मुताबिक सोनभद्र बाट माप कार्यालय में तैनात लैब अटेंडेंट संजीव जायसवाल उनसे 25 हज़ार रुपये की रिश्वत मांग रहा था। पैसा न देने पर उनके जरिए सत्यापन कराने वाले दुकानदारों को परेशान करता था। बार-बार की शिकायत व धमकी से तंग आकर उन्होंने सबक सिखाने का निर्णय लिया।
उन्होंने एंटी करप्शन टीम के नंबर पर सम्पर्क कर पूरे मामले की जानकारी दी। गुरुवार को एंटी करप्शन इकाई वाराणसी के निरीक्षक विनय सिंह के नेतृत्व में टीम सोनभद्र आई। योजना के तहत नन्दलाल ने लैब अटेंडेंट को चंडी तिराहा स्थित एक मिठाई की दुकान पर बुलाया। यहां उसे 500 सौ के बीस नोट दिए।
जैसे ही उसने रुपये थामे, एंटी करप्शन टीम ने उसे दबोच लिया। उसे गिरफ्तार कर टीम कोतवाली ले गई। यहां संबंधित धाराओं में केस दर्ज़ किया गया। सदर कोतवाल सतेंद्र राय ने बताया कि आरोपी लैब अटेंडेंट को गिरफ्तार कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।