ऊर्जा मंत्री की मध्यस्थता के बावजूद अध्यक्ष पावर कारपोरेशन की हठधर्मिता के कारण 29 अक्तूबर को संगठन के सभी अवर अभियंताओं व प्रोन्नत अभियंताओं ने पूर्ण कार्य बहिष्कार और जेल भरो आंदोलन का निर्णय लिया है। ये जानकारी ओबरा परियोजना अध्यक्ष अभय प्रताप सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ने 15 अक्तूबर को आंदोलनरत बिजली अवर अभियंता एवं प्रोन्नत अभियन्ताओं की जायज मांगों एवं समस्याओं को संज्ञान में लेकर ऊर्जा मंत्री एवं शीर्ष ऊर्जा प्रबंधन से मध्यस्थता करके प्रभावी निराकरण कराने का आश्वासन दिया था। इसके बाद जूनियर इंजीनियर संगठन ने अपना आंदोलन 10 दिनों के लिये स्थगित कर दिया था लेकिन इन 10 दिनो में पावर कारपोरेशन के अध्यक्ष की हठधर्मिता के चलते कोई निर्णय नहीं लिया जा सका। विवश होकर संगठन 25 व 26 अक्टूबर को दो घंटे का कार्य बहिष्कार करने का निर्णय लिया गया है। 29 अक्टूबर को अवर अभियंता व प्रोन्नत अभियंता संपूर्ण कार्य बहिष्कार करेंगे। इससे प्रदेश भर में दीपावली के दिन बिजली की व्यवस्था प्रभावित होने से इनकार नहीं किया जा सकता।