सोनभद्र। जिले के म्योरपुर-बभनी ब्लाक क्षेत्र में रहने वाले उन किसानों के लिए अच्छी खबर है जिनकी जमीन नधिरा विद्युत उपकेंद्र के आसपास है। उनकी जमीन में किसी तरह का अन्न नहीं होता। ऐसी उसर भूमि में अब किसान चाहें तो सोलर प्लांट लगाकर बिजली का उत्पादन कर सकते हैं और उसे बेचकर कमाई कर सकते हैं। इसके लिए नवीकरणीय ऊर्जा विकास अभिकरण ने कुसुम योजना की शुरूआत की है। इस योजना के तहत किसान को 3.10 रुपये प्रति यूनिट कीमत मिलेगी। नेडा विभाग के अनुसार जिले के नधिरा स्थिति 33/11 विद्युत उपकेंद्र को चिन्हित किया गया है। इस उपकेंद्र के पांच किलोमीटर की परिधि में कुल पांच मेगावाट का सोलर प्लांट लगाया जाएगा। किसान चाहें तो 0.5 मेगावाट का प्लांट लगवा सकते हैं। सोलर प्लांट को विद्युत उपकेंद्रों को ग्रिड से जोड़ा जाएगा। इसके लिए काश्तकार या किसान समूह को कुल मिलाकर 70 फीसदी ऋण मिलेगा। 30 फीसदी लागत किसान या किसान संगठन को स्वयं लगाना होगा। प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान यानी कुसुम के तहत जब बिजली बनेगी तो 3.10 रुपये प्रति यूनिट कीमत मिलेगी। इस मामले में परियोजना अधिकारी प्रेमशंकर सिंह का कहना है कि एक मेगावाट का प्लांट लगाने के लिए करीब तीन एकड़ भूमि होनी चाहिए। इस पर ढाई करोड़ रुपये के करीब लागत आएगी। 3.10 रुपये प्रति यूनिट कीमत मिलेगी।