सोनभद्र। जिले में कहीं भी जमीन का सौदा करने जा रहे हैं तो जल्दी कर लें। इस माह के बाद जमीन की खरीद-बिक्री महंगी होने जा रही है। सितंबर से नए सर्किल रेट प्रभावी हो जाएंगी। जमीन के दाम में 5 से 10 प्रतिशत तक की वृद्धि संभावित है। निबंधन विभाग इसके लिए प्रस्ताव तैयार करने में जुटा हुआ है। इस पूरी प्रक्रिया में अभी 15-20 दिन का समय लग सकता है। नए रेट प्रभावी होने के बाद जमीन की खरीद-बिक्री बढ़ी दरों पर ही होगी।
प्रॉपटी की खरीद-बिक्री में मनमानी रोकने और पारदर्शिता कायम रखने के लिए हर साल सर्किल रेट (अधिकृत सरकारी दर) तय होते हैं। कोई भी खरीद-बिक्री इस दर से कम पर स्वीकार नहीं होती। स्टांप शुल्क भी सर्किल रेट के आधार पर ही देना होता है। चालू सत्र के लिए नए सर्किल रेट तय करने की कवायद शुरू हो गई है। पिछले वर्षों में क्षेत्रवार जमीन की बिक्री को ध्यान में रखते हुए नए रेट तय किए जाएंगे। जिस क्षेत्र में खरीदारों का रुझान अधिक रहा है, वहां दरें बढ़ने की संभावना अधिक है। वहीं कम रुझान वाले इलाकों में सर्किल रेट को स्थिर भी रखा जा सकता है। अमूमन सभी क्षेत्रों में औसतन 5-10 प्रतिशत दाम में वृद्धि की सुगबुगाहट है। सर्किल रेट बढ़ने के बाद खरीदारों को स्टांप शुल्क भी अधिक देना होगा। ऐसे में उन्हें जमीन का सौदा महंगा पड़ सकता है। इसका असर उनके बजट पर भी पड़ना तय है। लिहाजा जिन लोगों ने जमीन की खरीद-बिक्री तय कर ली है, वह शीघ्र रजिस्ट्री कराकर अतिरिक्त बोझ से बच सकते हैं।
इन इलाकों में महंगी हो सकती है जमीन
सर्किल रेट में सबसे ज्यादा वृद्धि की संभावना रॉबर्ट्सगंज नगर व उसके आसपास के क्षेत्रों में ही है। चुर्क रोड, घोरावल रोड, पन्नूगंज रोड, मधुपुर रोड पर स्थित भूमि के दाम बढ़ने तय हैं। इसके अलावा नगरीय क्षेत्र के आसपास विकसित हो रही नई कॉलोनियों वाले मोहल्ले में भी दाम बढ़ेंगे। अभी इन क्षेत्रों में खेती का रकबा अधिक था। अब प्लाटिंग के बाद आवासीय कॉलोनियां तेजी से बढ़ रही हैं। सहिजन कलां, खुर्द, रौंप, लोढ़ी, छपका, बिजपई, सजौर, कम्हारी, गुरमा, बढ़ौली, गोरडीहा आदि गांवों में जमीन खरीदना महंगा हो सकता है।
तहसीलों से मांगे गए हैं प्रस्ताव
जिले की चारों तहसीलों से नए सर्किल रेट को लेकर प्रस्ताव मांगे गए हैं। अलग-अलग रिपोर्ट को कंपाइल कर जिला स्तरीय समिति के समक्ष रखा जाएगा। उसके अनुमोदन के बाद उस पर आपत्तियां ली जाएंगी। आपत्तियां का निस्तारण करते हुए फाइनल रूप दिया जाएगा। कई जिलों में अगस्त से ही नए सर्किल रेट प्रभावी हो गए हैं। यहां अभी प्रक्रिया चल रही है।
नए सर्किल रेट लागू करने के लिए प्रस्ताव तैयार कराया जा रहा है। चारों तहसीलों से प्रस्ताव आने के बाद जल्द ही जिला स्तरीय समिति की बैठक कराकर अनुमोदन लिया जाएगा। पिछले साल हुई खरीद-बिक्री के आधार पर सर्किल रेट में वृद्धि प्रस्तवित की जाएगी। -योगेश कुमार, एआईजी स्टांप।