दो दिन बारिश के बाद तेज धूप से डायरिया का प्रकोप जिले में बढ़ने लगा है। सोमवार को जिला अस्पताल में डायरिया के पांच मरीजों को भर्ती कराया गया। जिनका उपचार अस्पताल में चल रहा है।
चोपन ब्लॉक के बाड़ी गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंचकर बीमार लोगों का उपचार की और दवा छिड़काव कराया। हालांकि बाड़ी में डायरिया का कोई नया मरीज नहीं मिला। चोपन ब्लॉक के बाड़ी गांव में 25 से अधिक लोग डायरिया की चपेट में आ चुके हैं। जिनका अस्पताल में उपचार किया जा रहा है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक डॉ. फैज ने बताया कि बाड़ी गांव में हैंडपंप का पानी नहीं पीने देने के कारण लोगों ने गंदे नाले का पानी पी रहे थे। इस वजह से डायरिया के शिकार हो गए थे। बाड़ी और चकदहिया दोनों टोला में कैंप लगाकर लोगों का उपचार किया। जिससे स्थिति नियंत्रण में आ गई है।
बताया कि चकदहिया टोला में चार दिन पहले एक ही परिवार के चार लोग बीमार हो गए थे। इसमें एक शांती देवी (55) पत्नी जवाहिर की मौत हो गई थी। परिवार के तीन अन्य सदस्य स्वस्थ हैं। वहीं दूसरी तरफ जिला अस्पताल में सोमवार को पांच डायरिया के मरीजों को भर्ती कराया गया। हालांकि ये मरीज कहां से आए हैं। इस संबंध में जानकारी नहीं हो सकी।