सोनभद्र। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एक फरवरी को लोकसभा में बजट पेश करेंगी। मोदी-2 सरकार के इस अंतरिम बजट को लेकर हर कोई आशान्वित है। किसी को टैक्स में छूट मिलने की उम्मीद है तो कोई महंगाई से राहत मिलने की आस संजोए बैठा है। व्यापारी तबका जीएसटी की विसंगतियां दूर करने की मांग कर रहा है।
राबर्ट्सगंज नगर के कपड़ा व्यापारी हर्ष अग्रवाल का कहना है कि मध्यमवर्गीय तबका की गाढ़ी कमाई टैक्स में जा रही है। आयकर स्लैब में वृद्धि की जरूरत है। इसके अलावा जीएसटी की जटिलताएं भी दूर होनी चाहिए। व्यापारियों के लिए इसमें लेखा-जोखा काफी कठिन होता जा रहा है।
किसान उदय प्रताप सिंह ने खाद-बीज पर सब्सिडी बढ़ाने की मांग की। फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य में भी वृद्धि की जरूरत बताई। कहा कि सरकार किसानों की आय बढ़ाने की बात कह रही है, ऐसे में बजट में भी नए प्रावधान किए जाने चाहिए।
गृहिणी सीमा देवी ने कहा कि महंगाई तेजी से बढ़ रही है। आटा, दाल, रसोई गैस की आसमान छूती कीमतों से घर चलाना मुश्किल हो गया है। ऐसे में उम्मीद है कि सरकार अंतरिम बजट में महंगाई कम करने का इंतजाम करेगी। ऐसा होने पर ही बजट हमारे लिए बेहतर होगा।
अधिवक्ता ओमप्रकाश राय ने अधिवक्ता कल्याण के लिए बजट में व्यवस्था करने पर जोर दिया। कहा कि महंगाई, टैक्स में छूट हर वर्ग की आस है।