सोनभद्र। सदर कोतवाली के बघुआरी गांव निवासी पिकअप चालक के अपहरण और हत्या के 20 दिनों बाद भी उसके शव की बरामदगी नहीं हो सकी है। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भी भेज दिया है। शव की बरामदगी और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। नारेबाजी करते हुए मामले में जल्द कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों ने चेताया कि अगर शव शीघ्र बरामद नहीं किया गया तो वह सड़क जाम करने के लिए बाध्य होंगे। पांच सूत्री मांगों से सम्बंधित ज्ञापन डिप्टी कलेक्टर निखिल यादव को सौंपा।
बघुआरी गांव निवासी पिकअप चालक अजीत विश्वकर्मा को 15 जून को धर्मशाला चौक से तीन लोगों ने मध्य प्रदेश के चितरंगी तक सामान ले जाने के लिए किराए पर पिकअप बुक किया था। अजीत के घर लौटने पर परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने छानबीन की तो पता चला कि पिकअप बुक करने वालों ने उसी दिन घोरावल के पास गला घोंटकर अजीत की हत्या कर शव को चुनार के पक्का पुल के पास से गंगा नदी में फेंक दिया। 26 जून को पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था। उनकी निशानदेही पर कई दिनों तक नदी में शव की तलाश की गई, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। घटना के 20 दिन बाद भी शव न मिलने से आक्रोशित परिजनों ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट और एसपी ऑफिस पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। शव की बरामदगी के अलावा हत्या आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई, पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद आदि की मांग रखी। प्रदर्शन में बिंदू विश्वकर्मा, चंद्रभूषण पांडेय, शिवशंकर, रेखा देवी, कृति देवी, विजय शंकर, बच्चालाल, रामविलास, सीताराम, सुरेंद्र, प्रिंस, दीपक आदि मौजूद रहे।