सोनभद्र। प्रदेश के आखिरी छोर पर बसे नक्सल प्रभावित जनपद चंदौली, मिर्जापुर और सोनभद्र के दर्जनों गांवों में लंबे समय से नेटवर्क की समस्या है। यह समस्या इस साल के अंत तक या नए साल में दूर होने की उम्मीद है। इसके तहत नक्सल प्रभावित गांवों में 28 स्थानों पर नए 4जी के टॉवर लगाए जाएंगें। इसके लिए शासन की तरफ से संस्तुति मिल गई है। कई स्थानों पर नए 4जी के टॉवर लगाने का काम भी शुरू हो गया है। खास बात यह है कि जिन स्थानों पर बीएसएनएल के 4जी टॉवर लगेंगे, उन टॉवरों में सभी उपकरण स्वदेश निर्मित प्रयोग किए जाएंगें।
चंदौली और सोनभद्र जनपद नक्सल प्रभावित जनपद होने के साथ ही नीति आयाेग के आकांक्षी जिलों में भी शामिल है। वहीं मंडल मुख्यालय मिर्जापुर जनपद का कुछ हिस्सा नक्सल प्रभावित है। बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ से तीनों जनपद की सीमाएं लगने के कारण यह एरिया सुरक्षा के दृष्टि से अतिसंवेदनशील क्षेत्रों में आता है। मगर नेटवर्क की समस्या होने से तमाम दिक्कतें आती हैं।
तीनों जनपद के दर्जनों नक्सल प्रभावित गांवों में आजादी के सात दशक बाद भी नेटवर्क की समस्या बनी हुई है। सुदूर इलाकों में रह रहे लोग नेटवर्क न होने से अपनों से संपर्क नहीं कर पाते हैं। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में नेटवर्क की समस्या न हो, इसको लेकर शासन स्तर से कवायद शुरू की गई है। इसके तहत सोनभद्र जिले के नक्सल प्रभावित गांवों में नेटवर्क की समस्या दूर करने के लिए 4जी के सर्वाधिक 16 नए टॉवर लगाए जाएंगें। मिर्जापुर के नक्सल प्रभावित गांवों में नेटवर्क की समस्या दूर करने के लिए 8 स्थानों पर 4जी टॉवर और चंदौली में 4 नए 4जी के टॉवर लगाए जाएंगें। चंदौली, मिर्जापुर और सोनभद्र के अति दुर्गम व नक्सली क्षेत्र में 4जी के टाॅवर लगाने का कार्य शुरू हो गया है।
खास बात यह है कि नए टॉवर में सभी तरह के उपकरण स्वदेश निर्मित लगाए जा रहे हैं। नए टॉवर लगाने का कार्य दिसंबर 2023 तक पूरा करना है। इसके अलावा मिर्जापुर और सोनभद्र जनपद में 112 3जी टॉवर को 4जी के रूप में अपग्रेड करने की कार्रवाई चल रही है। नक्सल प्रभावित तीनों जिलों में 4जी टॉवर लगने से दर्जनों गांव के हजारों युवाओं को इंटरनेट की सुविधा मिलने लगेगी। इससे क्षेत्र के युवा पढ़ाई कर सकेंगें।
नक्सल प्रभावित जनपद चंदौली में 4, सोनभद्र में 16 और मिर्जापुर के नक्सल क्षेत्र में 8 स्थानों पर बीएसएनएल के 4जी के नए टॉवर लगाएं जाएंगे। कई स्थानों पर टॉवर लगाने का काम शुरू हो गया है। इससे लोगों को बेहतर नेटवर्क और इंटरनेट की सुविधा मिलेगी।
- सुशील त्रिपाठी, बीएसएनएल परिमंडल सचिव अधिकारी संघ उत्तर प्रदेश (ई)।