सोनभद्र। डीएम चंद्र विजय सिंह ने मंगलवार को मुख्यमंत्री के प्राथमिकता वाले विकास कार्यक्रमों की समीक्षा की। कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में डीएम ने सभी कार्यों को निर्धारित समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में डीएम ने लोक निर्माण विभाग के सड़कों के निर्माण कार्यों के प्रगति की समीक्षा की। संज्ञान में आया कि प्रदेश की सीमा पर गेट के निर्माण की प्रगति धीमी है। इस पर डीएम ने ने अधिशासी अभियंता प्रांतीय खंड, अधिशासी अभियंता निर्माण खंड-2 को स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश दिए। इसी प्रकार से 48वीं वाहिनी पीएसी सोनभद्र के 200 क्षमता वाले बैरक निर्माण कार्य के प्रगति भी धीमी मिली। इस पर डीएम ने पीडब्ल्यूडी मिर्जापुर के एक्सईएन से स्पष्टीकरण तलब किया। जिले में राजकीय निर्माण निगम की ओर से बनाए जा रहे भवनों के निर्माण कार्यों की प्रगति भी संतोषजनक नहीं पाई गई। डीएम ने प्रोजेक्ट मैनेजर को स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश दिए। उनके विरुद्ध शासन स्तर पर पत्राचार करने के लिए डीएसटीओ को निर्देशित किया। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा में पाया कि सीएचसी-पीएचसी में मानक से कम प्रसव हो रहा है। इस पर डीएम ने नोडल आरसीएच डाॅ. आरजी यादव को स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश दिए। डीपीएम को निर्देशित करते हुए कहा कि ग्राम स्तर पर महिलाओं को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए जो भी योजनाएं संचालित हैं, उनका लाभ महिलाओं को सुनिश्चित करें। आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनाने की प्रगति में तेजी लाने के लिए गांव में कैंप व अन्य माध्यम अपनाने को कहा। डीपीआरओ को निर्देशित करते हुए कहा कि जिन ग्राम सभाओं में 50 लाख रुपये से अधिक की धनराशि खाते में पड़ी है, उन गांवों में खुली बैठक कराते हुए जरूरी आवश्यक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर कराया जाना सुनिश्चित करें। बैठक में सीडीओ सौरभ गंगवार, डीडीओ शेषनाथ चौहान, सीएमओ डाॅ. अश्वनी कुमार, बीएसए नवीन पाठक आदि मौजूद रहे।
पेयजल की शुद्धता की नियमित कराएं जांच: डीएम
सोनभद्र। डीएम चंद्र विजय सिंह ने संचारी रोगाें पर प्रभावी नियंत्रण के लिए एक्शन टेकेन रिपोर्ट के प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि संचारी रोग नियंत्रण अभियान एवं दस्तक अभियान में जिन विभागों को जो भी जिम्मेदारियां दी गई है, वह उसका निर्धारित समय के अंतर्गत पालन सुनिश्चित करें।
कहा कि अपने आस-पास साफ-सफाई, कचरा निस्तारण व जल भराव को रोकने और शुद्ध पेयजल के इस्तेमाल पर विशेष ध्यान देने के लिए लोगों को प्रेरित करें। नगरीय व ग्रामीण क्षेत्रों में जल की शुद्धता की भी समय-समय पर जांच कराई जाए। दूषित पानी पीने से कई तरह की बीमारियां होने की संभावना बनी रहती है। उन्होंने डीडीओ को निर्देशित करते हुए कहा कि दूषित जल की शिकायत प्राप्त होने पर तत्काल संज्ञान लेकर उसकी जांच कराकर आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित कराएं। जिन अधिकारियों-कर्मचारियों की ओर से इस अभियान में शिथिलता या लापरवाही बरती जाएगी, उनकी जिम्मेदारी तय करते हुए कार्रवाई होगी। बैठक में सीएमओ डाॅ. अश्वनी कुमार, डीपीआरओ विशाल सिंह, जिला मलेरिया अधिकारी धर्मेंद्र श्रीवास्तव, पीडी आरएस मौर्या आदि मौजूद रहे।
मानक के अनुसार करें राजस्व वसूली
सोनभद्र। एडीएम सहदेव मिश्र ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में राजस्व कार्यक्रमों व कर वसूली की मासिक समीक्षा की। बैठक में मानक के मुताबिक वसूली के लक्ष्य को पूरा करने, तहसील स्तरों पर बकाएदारों पर वसूली की कार्यवाही करने, आरसी का नियमित मिलान करने के साथ ही सरकारी जमीनों को सुरक्षित करते हुए जन शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश संबन्धितों को दिए। नगर निकाय अपने कार्य क्षेत्रों में जरुरी कार्यों को पूरा करना सुनिश्चित करें। बैठक में एसडीएम प्रमोद तिवारी, राजेश सिंह, निखिल कुमार यादव, प्रभाकर सिंह, ईओ नगर पालिका विजय बहादुर यादव, डीसी मनरेगा रमेश यादव आदि मौजूद रहे।