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Sonebhadra News: मां कूष्मांडा की आराधना के लिए देवी मंदिरों में उमड़े श्रद्धालु

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विण्ढमगंज ​स्थित मां काली शक्तिपीठ की मूर्ति। संवाद
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सोनभद्र। शारदीय नवरात्र के चौथे दिन बुधवार को मां दुर्गा के चौथे स्वरूप मां कूष्मांडा की पूजा-अर्चना के लिए जिले भर के देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। भक्तों ने विधि-विधान से पूजन कर माता को पुष्प, नारियल और चुनरी अर्पित की तथा परिवार की सुख-समृद्धि, खुशहाली और आरोग्य की कामना की। मंदिरों में दुर्गा सप्तशती के पाठ, घंटा-घड़ियाल और माता के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया। रॉबर्ट्सगंज के उत्तर मोहाल स्थित प्राचीन शीतला मंदिर के पट बुधवार भोर में खुलते ही दर्शन-पूजन के लिए भक्तों की भीड़ जुट गई। श्रद्धालुओं ने कतारबद्ध होकर माता के दर्शन किए। भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के मद्देनजर महिला पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई। रॉबर्ट्सगंज के पूरब मोहाल स्थित सातो मइया शीतला मंदिर, दंडईत बाबा मंदिर परिसर स्थित दक्षिणेश्वर काली मंदिर और साईं चौक स्थित दुर्गा मंदिर में भी दर्शन-पूजन के लिए श्रद्धालु पहुंचते रहे। नवरात्र के अवसर पर मंदिरों में कथा सुनने वालों की भी भीड़ रही। शीतला मंदिर के पास भीड़ नियंत्रित करने के लिए बैरिकेडिंग की गई है। मेन मार्केट स्थित दुर्गा मंदिर में भी श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। यहां आयोजक विजय जैन की ओर से प्रसाद वितरित किया गया। सोन नदी के तट पर स्थित कुंडवासिनी देवी मंदिर में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। सोनभद्र के अलावा मध्य प्रदेश से आए भक्तों ने भी माता के दर्शन किए। माता की एक झलक पाने के लिए श्रद्धालु कतार में खड़े रहे। दुद्धी नगर स्थित मां काली मंदिर में भक्तों ने नारियल और चुनरी चढ़ाकर मंगलकामना की। कोन क्षेत्र के मां अमिला धाम में भी श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। वहीं, जिले से सटे चंदौली के चकरघट्टा क्षेत्र स्थित मां अमराभगवती और शक्तिनगर स्थित मां ज्वालामुखी मंदिर में भी भक्तों ने दर्शन कर माता का आशीर्वाद लिया। डाला। क्षेत्र के बारी स्थित मां वैष्णो देवी मंदिर में शारदीय नवरात्र के चौथे दिन बुधवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन-पूजन के लिए पहुंचे। भक्तों ने पिंडी स्वरूप में विराजमान त्रिदेवियों के दर्शन कर नारियल और चुनरी अर्पित की। श्रद्धालु गुफा मार्ग से गुजरते हुए विभिन्न देवी-देवताओं के दर्शन करते रहे। माता के जयकारों से मंदिर परिसर गूंज उठा। मंदिर के बाहर भक्तों ने नारियल फोड़कर पूजा की। व्यवस्था बनाए रखने में मंदिर के कर्मचारी जुटे रहे। मंदिर समिति की ओर से श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया। शारदीय नवरात्र के चौथे दिन बुधवार को क्षेत्र के रामजानकी मंदिर और मां काली शक्तिपीठ मंदिर में मां कूष्मांडा की पूजा-अर्चना की गई। दोनों मंदिरों में आरती के दौरान श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। माता के जयकारों से मंदिर परिसर गूंज उठा। रामजानकी मंदिर में नंदलाल तिवारी और वेद मोहन दास ब्रह्मचारी सहित श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। आरती के बाद महाप्रसाद वितरित किया गया, जिसे बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया। वहीं, मां काली शक्तिपीठ मंदिर में मनोज तिवारी और राजू तिवारी सहित भक्तों ने माता की आरती की। मंदिर के पुजारी पंडित मनोज तिवारी ने बताया कि मां काली शक्तिपीठ के प्रति श्रद्धालुओं की गहरी आस्था है। यहां नवरात्र के दोनों पर्वों पर बड़ी संख्या में भक्त दर्शन-पूजन के लिए पहुंचते हैं और माता से अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति की प्रार्थना करते हैं।

विण्ढमगंज स्थित मां काली शक्तिपीठ की मूर्ति। संवाद

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