वर्कर्स फ्रंट ने बुधवार को प्रधानमंत्री को पत्र भेजकर इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल वापस लेने की मांग की। वर्कर्स फ्रंट के प्रदेश उपाध्यक्ष इं. दुर्गा प्रसाद की ओर से पीएम को प्रेषित पत्र में उन्होंने बताया कि इस बिल के प्रावधान राष्ट्रीय हित के विरुद्ध हैं। खासतौर पर इससे किसानों व सौभाग्य योजना अंतर्गत आने वाले उपभोक्ताओं की बिजली दरों में कई गुना वृद्धि होने की आशंका है।
कहा है कि डिस्कॉम के निजीकरण से पावर कारपोरेशन व कई सार्वजनिक कंपनियों के कर्मचारियों के भविष्य भी खतरे में पड़ सकते हैं। उन्होंने बताया कि इन कामगारों के नौकरी की गारंटी का प्रावधान बिल में नहीं है। मुंबई में बिजली वितरण के अदाणी व अंबानी के प्रयोग के सफल होने का कोई ठोस अनुभव सरकार की ओर से पेश नहीं किया गया है। जिन क्षेत्रों में पर्याप्त मुनाफा होगा उनमें कारपोरेट कंपनियों द्वारा नाममात्र के भुगतान पर डिस्कॉम के इंफ्रास्ट्रक्चर का उपयोग किया जायेगा लेकिन जीर्णोद्धार आदि में कई प्रकार के लंबे खर्चों का वहन सरकार करेगी। उन्होंने अपने पत्र में कई प्रकार के उदाहरण देते हुए इस बिल को वापस लेने की मांग की है।