प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, इस काम में नौ कंप्रेशर मशीनें और 18 से अधिक मजदूर लगे हुए थे। बताया जा रहा है कि दोपहर ढाई बजे के करीब अचानक से एक तरफ की दीवार धसक गई। इससे मलबा करीब डेढ़ सौ फीट नीचे गिरा। कई मजदूर इसकी चपेट में आ गए। घटना से अफरा-तफरी मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे। आनन-फानन पास की अल्ट्राटेक, ओबरा व अन्य परियोजनाओं के राहत दल की मदद से बचाव कार्य शुरू किया।
डीएम बद्रीनाथ सिंह, एसपी अभिषेक वर्मा सहित पुलिस-प्रशासन के अन्य अफसर मौके पर पहुंचे। राज्य मंत्री संजीव सिंह गोंड ने भी घटनास्थल का जायजा लिया। ज्यादातर मजदूर पनारी गांव के निवासी हैं। प्रधान पति लक्ष्मण यादव ने गांव के दो मजदूरों के मौत का दावा किया। हालांकि, अधिकारिक रूप से इसकी पुष्टि नहीं हो पाई। पोकलेन से मलबा हटाने का प्रयास किया जाता रहा लेकिन खदान काफी गहरी होने के कारण राहत कार्य में दिक्कत की स्थिति बनी रही।
मेसर्स कृष्णा माइनिंग में हादसा हुआ है। कुछ लोगों के मलबे में दबने की आशंका है। राहत कार्य जारी है। वाराणसी से एनडीआरएफ और मिर्जापुर से एसडीआरएफ की टीम बुलाई गई है। मलबा हटने के बाद ही सही स्थिति स्पष्ट होगी। पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय की जाएगी। - बद्रीनाथ सिंह, डीएम।
बिरसा मुंडा जयंती पर इस तरह की घटना काफी दुखद है। सरकार की संवेदना प्रभावित परिवारों के साथ है। कार्य बंद किए जाने की पूर्व सूचना के बाद भी किन परिस्थितियों में कार्य कराया जा रहा था और इसके लिए कौन जिम्मेदार है, इसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। - संजीव सिंह गोंड, राज्य मंत्री, समाज कल्याण।
सोनभद्र हादसा...सपा नेताओं को घटनास्थल पर जाने से पुलिस ने रोका, भड़के सांसद
रविवार की सुबह सांसद छोटेलाल खरवार, जिलाध्यक्ष रामनिहोर यादव, प्रदेश सचिव मुनीर अहमद, ओबरा विधानसभा अध्यक्ष परमेश्वर यादव, रमेश सिंह यादव, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष अनिल यादव, अमर नाथ यादव सहित अन्य सपा नेताओं को घटना स्थल पर जाने से प्रशासन ने रोका गया। सांसद ने कड़ी नाराजगी जताते हुए सरकार पर साधा निशाना। कहा कि जिले में अफसरों की मिलीभगत से खनन हो रहा है।
एक पिता के दो बेटे लापता
जिन दो लोगों के फंसे होने की आशंका है, उनके पिता सोमनाथ कहते हैं कि मेरे दो बेटे फंसे हुए हैं। मेरे तीन बेटे यहां काम करने आए थे। एक ट्रैक्टर चला रहा था, दूसरा कंप्रेसर, और सबसे छोटा बेटा ढलान पर था, जो सुरक्षित है। चौबीस घंटे हो गए हैं जब से हमें उन दोनों के बारे में कोई जानकारी मिली है। मैं क्या कहूं, मेरा दिमाग काम नहीं कर रहा है।