सोनभद्र (कोन)। थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत पिपरखाड़ के केरवा टोला में रविवार की रात किसी वाहन के धक्के से बबलू चेरो (30) की मौत हो गई थी। सोमवार को इसकी सूचना मिलने पर नाराज लोगों ने कचनरवां मार्ग पर जाम लगा दिया। सात घंटे तक कोन-विंढमगंज मार्ग पर आवागमन बाधित होने से सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। परिवार वालों का कहना था कि मौत दुर्घटना में नहीं बल्कि हत्या की गई है। उन्होंने गांव के ही दो लोगों पर आरोप भी लगाया। साथ ही केस दर्ज करने की मांग की। इधर सूचना पाकर पुलिस भी पहुंच गई। पुलिस ने बल प्रयोग कर लोगों को सड़क से हटा दिया।
रविवार की रात करीब दो बजे केरवा टोला निवासी बबलू चेरो (30) घर से कुछ दूरी पर आयोजित पूजा में शामिल होकर अपने घर लौट रहा था। रास्ते में किसी वाहन की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई। सोमवार की सुबह किसी व्यक्ति ने कोन एसओ गोपालजी यादव को सूचना दी। घटना की जानकारी मिलते ही करीब 11 बजे कचनरवा में परिवार के साथ लोग सड़क पर उतर आए। मृतक के भाई प्रमोद का कहना था कि पुलिस अपने मनमाफिक तहरीर लिखवा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रमोद का कहना था कि हत्या करने के बाद एक्सीडेंट का रूप दिया गया। परिजनों ने आरोप लगाया कि दोनो आरोपी सत्ता पार्टी से जुड़े हैं। जाम की सूचना पर विंढमगंज थाने की फोर्स के साथ पिपरी सीओ ज्ञान प्रकाश राय भी पहुंच गए। सीओ ने जांच कराने की बात कही पर लोग हत्या का मुकदमा दर्ज कराने पर अड़े रहे। जिस पर पुलिस ने शाम छह बजे लाठी भांजकर लोगों को खदेड़ा। सीओ ने कहा मृतक के पिता की तहरीर पर अज्ञात वाहन और चालक के विरुद्घ मुकदमा दर्ज होगा।