म्योरपुर हवाई अड्डे से नियमित रूप से 20 सीटर विमान की उड़ान इस साल के अंत तक शुरू हो जाएगी। तहसील प्रशासन ने इसको लेकर कवायद शुरू कर दी है। जमीन को लेकर पैमाइश तेज कर दी गई है। तहसीलदार मृत्युंजय सिंह ने बताया कि एरोड्रम के विस्तार के लिए 16 बीघा जमीन की जरूरत है। भूमि पैमाइश का कार्य अंतिम रूप में चल रहा है। अभी पिछले सप्ताह भारत सरकार उड्डयन मंत्रायल के अधिकारियों ने वस्तु स्थिति का जायजा लिया है। बताया कि एरोड्रम की चौड़ाई और लंबाई के लिए यह कोशिश की जा रही कि काश्त की भूमि का कम से कम अधिग्रहण किया जाए। सरकार जमीन को ज्यादा अधिग्रहित करने की योजना है, ताकि जल्द से जल्द एरोड्रम के विस्तारीकरण को अंतिम रूप दिया जा सके। जल्द ही शासन को इसकी रिपोर्ट भेजी जाएगी, ताकि काश्तकारों की भूमि को अधिग्रहण कर उनको मुआवजे की प्रक्रिया का कार्य शुरू किया जा सके।