मालोघाट स्थित गुरुकृपा आश्रम से मंगलवार की रात 18 बच्चों के लापता होने की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। रात भर पुलिस बच्चों की तलाश में भटकती रही। बुधवार की सुबह दस बजे बच्चे आश्रम से चार किमी दूर गुरमुरा स्थित जय गुरुदेव आश्रम के पीछे मिले। सभी बच्चों को उनके अभिभावकों के साथ घर भेज दिया गया। उधर, एसपी डॉ. यशवीर सिंह ने आश्रम की जांच शुरू करा दी है।
पुलिस ने बताया कि गुरुकृपा आश्रम मालोघाट में करीब 32 बच्चे रह कर पढ़ते हैं। कोन थाना क्षेत्र के बागेसोती निवासी सुरेंद्र बच्चों की देखभाल करता था। मंगलवार की रात आठ बजे सुरेंद्र और आश्रम में रहने वाले एक व्यक्ति से उसकी कहासुनी हो गई। इसके बाद सुरेंद्र आश्रम से 18 बच्चों को अपने साथ लेकर निकल गया। आश्रम के संचालक ने बच्चों को ले जाने की सूचना 112 नंबर पर पुलिस को दी।
जानकारी मिलते ही फोर्स के साथ चोपन थाना प्रभारी लक्ष्मण पर्वत बच्चों की खोज में लग गए। रात भर पुलिस बच्चों को ढूंढती रही लेकिन पता नहीं चला। बुधवार को एसआई त्रिभुवन राय को सूचना मिली कि बच्चे गुरमुरा जय गुरुदेव आश्रम के पास हैं। पुलिस फोर्स के साथ वो मौके पर पहुंचे तो आश्रम संचालक के साथ गुरमुरा स्थित जय गुरुदेव आश्रम के पास सभी बच्चे मिले। पुलिस ने सुरेंद्र को हिरासत में लेकर उच्चाधिकारियों को सूचना दी।
थाना प्रभारी ने बच्चों से पूछताछ करने के बाद उन्हें उनके अभिभावकों को सुपुर्द कर दिया। एसपी ने कहा कि नियमानुसार आश्रम का संचालन कर बच्चों को शिक्षा दी जा रही है या नहीं इसकी जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। उधर, आश्रम संचालक प्रवीण पांडेय ने बताया कि सुरेंद्र शराब के नशे में धुत होकर आश्रम पहुंचा था। इस पर आपत्ति जताते हुए उसे जाने के लिए कहा गया। नाराज होकर वह अपने साथ के बच्चों को भी लेकर निकल गया।