विंढमगंज। थाना क्षेत्र के जोरुखड़ गांव में मलिया व गांधी नदी के संगम तट पर नौ दिवसीय होने वाले श्री लक्ष्मी नारायण महायज्ञ की शुरूआत शनिवार से हो गई। सुबह करीब दस बजे भव्य कलश यात्रा निकाली गई। इस दौरान श्रीराम के जयकारे लगाए गए। यात्रा नौ किमी तक भ्रमण करने के बाद जोरूखाड़ गांव में पहुंची, जहां मंत्रोच्चार के बीच कलश स्थापित किया गया। श्रद्घालुुओं ने मलिया व गांधी नदी के संगम तट से कलश में जल भरकर यात्रा निकाली। यात्रा करीब नौ किमी दूर तक भ्रमण की। श्रद्धालुओं ने अति प्राचीन शिव मंदिर में पूजा अर्चना करते हुए रीवां-रांची मार्ग से फुलवार गांव की सीमा क्षेत्र होते हुए यज्ञ स्थल पर पहुंची। यहां कलश की स्थापना की गई। यज्ञ समिति के अघ्यक्ष रामकुमार यादव व महामंत्री मानिकचंद यादव ने बताया कि यह श्री लक्ष्मी नारायण महायज्ञ जोरुखड़ गांव में होने से गांव के साथ-साथ आसपास के गांवों में भी वातावरण शुद्घ हो जाता है। महायज्ञ को सफलता पूर्वक संपन्न कराने के लिये विंढमगंज क्षेत्र के अलावा दुद्धी क्षेत्र के लोगों को भी काफी सहयोग मिल रहा है। समिति के प्रबंधक दिनेश यादव ने बताया कि यज्ञ की पूरी तैयारी कर ली गई है। कलश यात्रा का संचालन केवाल के पूर्व प्रधान दिनेश यादव, टेढ़ा के सरजू यादव, अभिनाथ, सोमारू सिंह, राम आशीष, आदित्य कुमार, जदुनाथ, विजय चेरो, राजकुमार, विजय यादव मौजूद रहे। इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये गए थे।