सीतापुर। जिला मुख्यालय पर अब एक मॉडल आंगनबाड़ी का संचालन शुरू होगा। इसमें विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत महिला कर्मचारियों के नौनिहाल खेल सकेंगे। महिला कर्मचारी बेफ्रिक होकर अपना कामकाज व दायित्वों का निर्वहन कर सकेंगी। जिलाधिकारी अनुज सिंह ने मंगलवार को जिला पोषण समिति की बैठक में इस बाबत निर्देश जारी किए।
डीएम ने कहा कि यदि किसी विभाग ने इस काम में सहयोग नहीं किया तो उस पर कार्रवाई की जाएगी। यदि कोई सहयोग न करे तो तत्काल अवगत कराएं। उन्होंने सभी सीडीपीओ को निर्देश दिए कि वह अपने-अपने क्षेत्रों में सभी लोगों को जागरूक करें कि यहां पर सिर्फ पोषण ही नहीं बल्कि प्री-स्कूल गतिविधियां भी कराई जाती हैं। लोगों को पता चलना चाहिए कि आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों की रोचक गतिविधियां कराईं जाती हैं।
सीडीपीओ बच्चों की माताओं को भी आंगनबाड़ी केंद्रों में होने वाली गतिविधियों के प्रति जागरूक करें। उन्होंने संबंधित को निर्देश दिए कि विलेज हेल्थ एंड न्यूट्रीशनल डेज (वीएचएनडी) की रिपोर्ट सही ढंग से तैयार की जाए। कहा कि बच्चों को दिए जाने वाले हॉट कुक्कड मील में कोई शिकायत न मिले। इस दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. हरपाल सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी मनोज कुमार, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अखिलेश प्रताप सिंह व अन्य उपस्थित रहे।
चार सीडीपीओ को नोटिस
जिलाधिकारी अनुज सिंह ने जिला कार्यक्रम अधिकारी को काम में लापरवाही बरतने वाले सिधौली, लहरपुर, खैराबाद और बेहटा के सीडीपीओ को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन सीडीपीओ ने अभी तक सैम व मैम से संबंधित बच्चों की डायरी नहीं बनाई है, वह डायरी तैयार कर लें, जिससे बच्चों की पूरी जानकारी डायरी में दर्ज रहे। सैम व मैम से संबंधित जो भी जानकारी निकलकर आ रही है वह सभी विभाग आपस में समन्वय कर उसका निस्तारण करायें।
एनआरसी केंद्रों का हो निरीक्षण
जिलाधिकारी ने जिला कार्यक्रम अधिकारी से कहा कि एनआरसी केंद्र का लगातार निरीक्षण हो। वहां सभी मूलभूत सुविधाएं मुहैय्या कराई जाएं, जो भी कमियां हों, उन्हें दूर किया जाए। जिन आंगनबाड़ी केंद्रों का काम पूरा हो गया है, उनका संचालन शुरू किया जाए।