सीतापुर। अमृत योजना फेज दो का लाभ जिले के तीन नगर निकायों को भी मिलेगा। इस योजना में मिश्रिख, महमूदाबाद नगरपालिका व सिधौली नगर पंचायत को चयनित किया गया है। 142 करोड़ रुपये की लागत से हर घर तक पानी पहुंचा जाएगा। इसका लाभ करीब चार लाख आबादी को मिलेगा। जल निगम ने डीपीआर तैयार कर शासन को भेज दिया है। दो माह में यहां काम शुरू होने की उम्मीद है।
अमृत योजना के तहत पहले चरण में सीतापुर नगरपालिका का चयन किया गया था। पहला फेज पूरा होने के बाद अब दूसरे चरण की अड़चनें दूर हो गईं हैं। अब योजना का विस्तार करके जिले की तीन नगरपालिकाओं का चयन किया गया है। जिसमें मिश्रिख, महमूदाबाद नगरपालिका व सिधौली नगर पंचायत शामिल हैं। योजना के तहत प्रत्येक नगर निकाय में सौ फीसदी घरों को वॉटर सप्लाई से जोड़ा जाएगा। नई लाइनें बिछेंगी व पुरानी बदली जाएंगी।
मिश्रिख में 31 करोड़ रुपये खर्च करके हर घर तक पानी पहुंचाया जाएगा। इसके अलावा 35 करोड़ से सिधौली में काम होगा। सबसे अधिक 76 करोड़ रुपये महमूदाबाद में खर्च किए जाएंगे। हाल ही में इस नगरपालिका का विस्तार हुआ है। जिसमें 10 गांवों को जोड़ा गया है। इन गांवों को भी इस योजना में शामिल कर लिया गया है। इससे यहां पर सबसे अधिक रुपये खर्च किए जाएंगे। जल निगम ने इन तीनों नगर निकायों की डीपीआर बनाकर शासन को भेज दी है। शासन से मंजूरी मिलते ही यहां पर काम शुरू हो जाएगा।
पहले से ही सप्लाई लेकिन आधी-अधूरी है तैयारी
तीन नगर निकायों का इस योजना में चयन हुआ है। हालांकि इन निकायों में पहले से ही वॉटर सप्लाई चल रही है, लेकिन यहां की शत-प्रतिशत आबादी तक पानी नहीं पहुंचा है। मिश्रिख व सिधौली में आधे इलाके में ही पाइप लाइन बिछी हुई है। इसी तरह महमूदाबाद में भी करीब 30 फीसदी इलाके में पाइप लाइन नहीं है। इस योजना से पूरी आबादी को वाटर लाइन से कवर किया जाएगा।
क्या-क्या होगा काम
मिश्रिख नगरपालिका में ओवरहैड टैंक बनाए जाएंगे। साथ ही नैमिषारण्य में बेहतर जलापूर्ति के लिए पाइन लाइन बिछेगी। नए ट्यूबवेल लगवाए जाएंगे। इसी तरह सिधौली में नये टैंक बनेंगे। यहां पर जर्जर करीब 20 किलोमीटर पाइप लाइन बदलकर नई बिछाई जाएगी। महमूदाबाद नगरपालिका में परिसीमन में शामिल 10 गांवों में पाइप लाइन बिछाकर ओवरहैड टैंक बनेंगे। इससे गांवों के बाशिंदों को आसानी से पानी उपलब्ध हो सकेगा।
बेहतर होगी जलापूर्ति
अमृत योजना के तहत जिले की तीन नगर निकायों में घर-घर पानी पहुंचाया जाएगा। डीपीआर बनाकर शासन को भेज दिया गया है। शासन से जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है।
अफजाल खान, अधिशाषी अभियंता, जल निगम