सीतापुर। वर्तमान वित्तीय वर्ष में जिले की 865 ग्राम पंचायतों की तस्वीर बदली नजर आएगी। इन पंचायतों को ओडीएफ प्लस योजना के तहत मॉडल गांव बनाने के लिए चयनित किया गया है। इसके लिए धनराशि पंचायती राज विभाग उपलब्ध कराएगा। योजना के तहत चयनित गांवों की तैयार कार्ययोजना का प्रस्ताव जिला स्वच्छता समिति से अनुमोदन के बाद शासन को भेजा जाएगा।
स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण-2023 के तहत निर्धारित मानकों व श्रेणियों के अनुरूप ग्राम पंचायतों को ओडीएफ प्लस बनाने की प्रक्रिया चल रही है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में शासन ने 865 ग्राम पंचायतों में स्वच्छता संबंधी कार्य कराकर इन गांवों को मॉडल के रूप में विकसित करने की अनुमति प्रदान की है। इसके तहत संबंधित ग्राम पंचायतों की आबादी के आधार पर वहां कराए जाने वाले कार्यों को चिन्हित करते हुए इसकी कार्य योजना तैयार की जाएगी। इसका अनुमोदन डीएम की अध्यक्षता में गठित जिला स्वच्छता समिति करेगी।
इसके बाद इसे शासन के पास भेजा जाएगा। अनुमोदित कार्य योजना के लिए पंचायती राज विभाग गांववार आबादी के आधार पर कार्य कराने के लिए खर्च धनराशि का निर्धारण कर आवंटित राशि की लिमिट तय करेगा।
स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत ओडीएफ प्लस मॉडल ग्राम बनाने के लिए खर्च व कार्यों को निर्धारण तय हो जाने के बाद ग्राम पंचायतों में इसका क्रियान्वयन शुरू होगा। इस दौरान कार्यों की गुणवत्ता परखने के लिए सत्यापन अफसरों की तैनाती की जाएगी। जिला पंचायत राज अधिकारी मनोज कुमार ने बताया चयनित गांवों की कार्य योजना बनाने का कार्य किया जा रहा है। ताकि गांवों में कराए जाने वाले कार्यों और खर्च होने वाली धनराशि का निर्धारण किया जा सका।