सीतापुर। ग्रामीण क्षेत्रों में बनवाई गईं गोशालाओं के बेहतर संचालन के लिए विद्युत कनेक्शन कराया जाना है। इसके लिए पशुपालन विभाग ने 34 गोशालाओं में कनेक्शन के लिए विद्युत विभाग को इस्टीमेट के अनुसार भुगतान कर दिया है। इसके बावजूद 21 गोशालाओं में अब तक बिजली का कनेक्शन नहीं हो सका है। इससे गो संरक्षण का काम सुचारू रूप से संचालित होने में दिक्कत हो रही है।
जिला स्तरीय गो संरक्षण एवं संवर्धन समिति के खाते में जन सहयोग से जमा की गई धनराशि से गांवों में बनी गोशालाओं में विद्युत कनेक्शन कराए जा रहे हैं। इसके लिए समिति की ओर से विद्युत विभाग की ओर से बनाए गए इस्टीमेट के अनुसार भुगतान किया गया है। पहले चरण में 34 गोशालाओं में कनेक्शन के लिए करीब 49 लाख रुपये का भुगतान किया जा चुका है। नौ गोशाला में कनेक्शन की प्रक्रिया चल रही है। इसके लिए तय भुगतान किया जाना है। भुगतान हो जाने के बाद भी विभिन्न कारणों से 21 गोशालाओं में विद्युत कनेक्शन नहीं हो सका है। कहीं पोल नहीं लगे हैं, तो कुछ स्थानों पर लाइन खींची जानी है। दो स्थानों पर टेंडर नहीं हो सका है।
समिति की धनराशि से कराए जा रहे कई काम
जिला स्तरीय गो संरक्षण एवं संवर्धन समिति के खाते में डीएम अनुज सिंह के प्रयास करीब 75 लाख रुपये जमा हुए हैं। इससे गो आश्रय स्थलों में संरक्षित गोवंशों की बेहतरी के लिए विद्युतीकरण, पेयजल, सर्दियों में गुड़ वितरण सहित अन्य कार्यों पर खर्च किया जा रहा है। पशु चिकित्साधिकारी डॉ. योगेंद्र कुमार ने बताया कि बीते साल करीब 75 क्विंटल गुड़ गोशालाओं को उपलब्ध कराया गया है। ठंड से बचाव के उपाय किए गए।
34 गो आश्रय स्थलों में से 13 स्थानों पर विद्युत कनेक्शन हो गया है। 21 गो आश्रय स्थलों पर कनेक्शन नहीं हो सका है। इसके लिए संबंधित पशु चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिए गए हैं कि वह विभाग से पैरवी करके शीघ्र कनेक्शन कराएं। नौ गोशालाओं में कनेक्शन के लिए इस्टीमेट के अनुसार शीघ्र भुगतान किया जाएगा।
डाॅ. पीएन शुक्ला, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी